अमृतसर। पंजाब सरकार के कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंद ने धार्मिक मर्यादाओं के प्रति अपनी आस्था जताते हुए श्री अकाल तख्त साहिब में हाजिरी भरी है। अमृतसर पहुंचकर उन्होंने मीडिया से खुलकर बातचीत की और स्पष्ट किया कि वे यहां पूरी विनम्रता और श्रद्धा भाव के साथ उपस्थित हुए हैं। सोंद ने कहा कि उनके पास जो भी तथ्य और प्रमाण हैं उन्हें वे जत्थेदार के सामने रखेंगे और अपनी बात रखेंगे।
कैबिनेट मंत्री ने शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी यानी एसजीपीसी की भूमिका का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि एसजीपीसी की ओर से उनके साथ एडवाइजर नियुक्त किए गए थे और पूरी प्रक्रिया को धार्मिक मर्यादाओं के अनुसार ही आगे बढ़ाया गया था। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए एसजीपीसी के साथ पत्राचार भी किया गया था और वे उन पत्रों को प्रमाण के तौर पर अपने साथ लाए हैं।
तरुणप्रीत सिंह सोंद ने एक सच्चे सिख की तरह अपनी विनम्रता जाहिर करते हुए कहा कि वे यहां एक विनम्र सिख के नाते आए हैं। उन्होंने खुले दिल से स्वीकार किया कि अगर किसी भी स्तर पर उनसे कोई भूल हुई है चाहे वह अनजाने में ही क्यों न हो तो वे सिर झुकाकर माफी मांगने के लिए तैयार हैं। उनके लिए पंथ और धार्मिक मर्यादाएं सबसे ऊपर हैं और वे उनका पूरा सम्मान करते हैं।
धार्मिक आयोजनों को लेकर राज्य सरकार की गंभीरता पर बोलते हुए कैबिनेट मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार इन कार्यक्रमों को लेकर पूरी तरह सजग है। उन्होंने कहा कि हाल ही में हो रहे धार्मिक आयोजनों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस संबंध में कड़े आदेश जारी किए गए हैं और प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि सुरक्षा, प्रबंधन और मर्यादा का पूरा ख्याल रखा जाए। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार धार्मिक स्थलों पर व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के लिए सभी जरूरी कदम उठा रही है।