चंडीगढ़। पंजाब पुलिस ने नए साल में संगठित अपराध यानी ऑर्गेनाइज्ड क्राइम को जड़ से खत्म करने का बीड़ा उठाया है। पंजाब पुलिस के कार्यकारी डीजीपी गौरव यादव ने मीडिया से रूबरू होते हुए नए साल के लिए पुलिस का रोडमैप साझा किया। उन्होंने दावा किया कि इस साल पुलिस को हर तरह से आधुनिक यानी मॉडर्नाइज किया जाएगा। जिस तरह से अपराध के तरीके बदल रहे हैं उसी के समानांतर उन्हें खत्म करने की ठोस प्लानिंग पर भी काम चल रहा है।
गौरव यादव ने माना कि ऑर्गेनाइज्ड क्राइम को खत्म करना एक बड़ी चुनौती है क्योंकि इससे जुड़े लोग अक्सर विदेशों में बैठे होते हैं या फिर देश के अलग-अलग राज्यों में छिपे होते हैं जिन्हें ट्रैक करना आसान नहीं होता। उन्होंने बताया कि करीब 40 से 50 गैंगस्टर विदेशों से अपने नेटवर्क चला रहे हैं जिनके 300 से 400 मॉड्यूल सक्रिय हैं। टारगेट किलिंग्स के बढ़ते मामलों पर उन्होंने कहा कि पुलिस इन केसों को बीच में नहीं छोड़ती बल्कि महीनों तक मेहनत करके उन्हें ट्रेस करती है।
नार्को टेरर पर बात करते हुए डीजीपी ने कहा कि पाकिस्तान पंजाब को डिस्टर्ब करने के लिए लगातार प्रॉक्सी वॉर चला रहा है और वहां के सेना प्रमुख इसमें सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। अब उन्होंने ड्रोन के जरिए हथियार और ड्रग्स भेजने की रणनीति अपनाई है। इसका जवाब देने के लिए सीमा पर एंटी ड्रोन सिस्टम लगाए गए हैं जिसकी बदौलत 50 फीसदी ड्रोन को रोका गया है। अब तक आए 515 ड्रोन में से 263 को मार गिराया गया है। केंद्र सरकार ने 17 और एंटी ड्रोन सिस्टम के लिए फंड देने की मांग मान ली है।
नशे के खिलाफ जंग को तेज करते हुए नए साल में विलेज डिफेंस कमेटियों के सॉफ्टवेयर को पुलिस पोर्टल से जोड़ा जाएगा। लुधियाना, जालंधर और फिरोजपुर में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के तीन रीजनल सेंटर बनाए जा रहे हैं। नकली पासपोर्ट पर विदेश भागने वालों पर नकेल कसने के लिए भी योजना बनाई गई है।
पुलिस के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए 858 करोड़ रुपये खर्च करके 2000 पुरानी गाड़ियों को बदला जा रहा है। सभी 454 एसएचओ स्तर के अधिकारियों को नई गाड़ियां मिल चुकी हैं। राज्य सरकार ने मेगा पुलिस फंड को मंजूरी दी है जिसके तहत तीन सालों में 426 करोड़ रुपये खर्च होंगे। डायल 112 का कंट्रोल रूम मोहाली में और साइबर क्राइम का नया दफ्तर भी बन रहा है। नवांशहर और मालेरकोटला में दो नई पुलिस लाइंस बन रही हैं और 94 करोड़ की लागत से पंजाब पुलिस भवन में एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स का मुख्यालय बनेगा। सीमा पर निगरानी के लिए मार्च तक 2368 कैमरे लगाए जाएंगे।