देहरादून। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राजधानी स्थित लोक भवन पहुंचकर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) से शिष्टाचार भेंट की। इस उच्चस्तरीय मुलाकात के दौरान दोनों संवैधानिक प्रमुखों के बीच राज्य की प्रगति, वर्तमान में संचालित महत्वपूर्ण विकासात्मक परियोजनाओं और प्रदेश के समसामयिक विषयों पर गहराई से विचार-विमर्श हुआ। इस संवाद को प्रदेश के प्रशासनिक और राजनीतिक परिदृश्य में शासन और राजभवन के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में देखा जा रहा है।
भेंट के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्यपाल को राज्य सरकार की विभिन्न जन-कल्याणकारी नीतियों और बुनियादी ढांचे से जुड़ी प्रमुख योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि सरकार प्रदेश के दूरस्थ और पर्वतीय क्षेत्रों तक विकास की मुख्यधारा को पहुँचाने के लिए किस प्रकार निरंतर कार्य कर रही है। विशेष रूप से पर्यटन विकास, शिक्षा में सुधार, स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार और युवाओं के लिए स्वरोजगार के नए अवसर सृजित करने वाली राज्य की प्राथमिकताओं पर चर्चा की गई।
इसके साथ ही, बैठक में राज्य के समक्ष मौजूद वर्तमान चुनौतियों और समसामयिक मुद्दों पर भी सार्थक विमर्श हुआ। मुख्यमंत्री और राज्यपाल ने प्रदेश की कानून व्यवस्था, सुरक्षा प्रबंधन और शासन की कार्यप्रणाली को और अधिक पारदर्शी व उत्तरदायी बनाने के उपायों पर मंथन किया। मुख्यमंत्री ने राज्यपाल को आश्वस्त किया कि उनकी सरकार जनभावनाओं के अनुरूप प्रदेश को देश के अग्रणी राज्यों की श्रेणी में खड़ा करने के लिए पूरी निष्ठा से जुटी हुई है।
बैठक के दौरान उत्तराखंड के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक नीतिगत बदलावों और भविष्य की रणनीतियों पर भी चर्चा हुई। राज्यपाल गुरमीत सिंह ने विकास की दिशा में राज्य सरकार द्वारा उठाए जा रहे कदमों और नई पहलों की सराहना की। उन्होंने मुख्यमंत्री को प्रदेश के हितों से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर अपने सुझाव भी दिए।
यह शिष्टाचार भेंट न केवल राज्य के विकास कार्यों की समीक्षा का एक मंच बनी, बल्कि इससे यह भी स्पष्ट हुआ कि शासन और राजभवन के बीच उत्तराखंड के स्वर्णिम भविष्य को लेकर एक साझा और सकारात्मक दृष्टिकोण है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और राज्यपाल गुरमीत सिंह के बीच हुई इस सार्थक चर्चा के बाद यह उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले समय में प्रदेश की विकास योजनाओं को और अधिक गति मिलेगी। लोक भवन में हुई इस मुलाकात के दौरान राज्य के प्रशासनिक ढांचे को सशक्त बनाने और जनहित के कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के संकल्प को दोहराया गया।
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