Uttarakhand: विधानसभा का बजट सत्र 9 मार्च से गैरसैंण में होगा शुरू, 11 मार्च को पेश होगा प्रदेश का बजट – The Hill News

Uttarakhand: विधानसभा का बजट सत्र 9 मार्च से गैरसैंण में होगा शुरू, 11 मार्च को पेश होगा प्रदेश का बजट

देहरादून। उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण एक बार फिर राज्य की विधायी गतिविधियों का केंद्र बनने जा रही है। प्रदेश सरकार ने आगामी बजट सत्र की तारीखों और स्थान पर मुहर लगा दी है। प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार, विधानसभा का बजट सत्र आगामी 9 मार्च से गैरसैंण (भराड़ीसैंण) स्थित विधानसभा भवन में प्रारंभ होगा। सत्र की सबसे महत्वपूर्ण कार्यवाही 11 मार्च को होगी, जब राज्य सरकार वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए अपना वार्षिक बजट सदन के पटल पर रखेगी। विधानसभा सचिवालय को सरकार से सत्र का विस्तृत कार्यक्रम प्राप्त हो गया है, जिसे अब औपचारिक अनुमोदन के लिए लोक भवन भेजा जा रहा है।

गौरतलब है कि हाल ही में हुई कैबिनेट की बैठक में बजट सत्र की अवधि और स्थान के चयन का अंतिम निर्णय लेने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को अधिकृत किया गया था। मुख्यमंत्री कार्यालय से हरी झंडी मिलने के बाद अब गैरसैंण में सत्र संचालन की सभी तैयारियां तेज कर दी गई हैं। सरकार ने सत्र के लिए 9 मार्च से 13 मार्च तक की पांच दिवसीय अवधि निर्धारित की है। गैरसैंण में बजट सत्र का आयोजन उत्तराखंड के पर्वतीय सरोकारों और जनभावनाओं के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता के रूप में देखा जा रहा है।

निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, सत्र के पहले दिन यानी 9 मार्च को राज्यपाल का अभिभाषण होगा, जिसमें सरकार की भावी नीतियों और पिछले वर्षों की उपलब्धियों का खाका पेश किया जाएगा। अगले दिन, 10 मार्च को विभिन्न अध्यादेशों को सदन के पटल पर रखा जाएगा और राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर औपचारिक चर्चा शुरू होगी। 11 मार्च का दिन राज्य के आर्थिक भविष्य के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण होगा। इसी दिन धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा पूर्ण होने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी वित्त वर्ष 2026-27 का बजट पेश करेंगे।

सत्र के अंतिम दो दिनों, यानी 12 और 13 मार्च को, विभिन्न विभागों की अनुदान मांगों पर सदन में विस्तृत चर्चा की जाएगी। इस दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बजट के प्रावधानों को लेकर तीखी बहस होने की संभावना है। गैरसैंण की दुर्गम भौगोलिक स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन और विधानसभा सचिवालय ने सुरक्षा, आवास और यातायात के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए हैं। बजट सत्र के माध्यम से सरकार प्रदेश के चहुंमुखी विकास, विशेषकर ग्रामीण और पहाड़ी क्षेत्रों की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए कई बड़ी घोषणाएं कर सकती है। अब सबकी नजरें 11 मार्च को पेश होने वाले बजट की बारीकियों पर टिकी हैं।

 

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