देहरादून। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के लिए आगामी 12 और 13 जून का दिन अत्यंत महत्वपूर्ण होने वाला है। भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू दो दिवसीय प्रवास पर देहरादून पहुंच रही हैं। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) के गौरवशाली पासिंग आउट परेड समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित होना है। यह दौरा न केवल राज्य के लिए बल्कि भारतीय सेना के लिए भी एक ऐतिहासिक अवसर माना जा रहा है, क्योंकि देश की सर्वोच्च कमांडर स्वयं युवा सैन्य अधिकारियों के दीक्षांत समारोह की साक्षी बनेंगी।
सूचना एवं लोक संपर्क विभाग और पीआईबी देहरादून से प्राप्त जानकारी के अनुसार, द्रौपदी मुर्मू 12 जून को देहरादून पहुंचेंगी। उनके इस दो दिवसीय दौरे को लेकर सुरक्षा और प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां जोरों पर हैं। प्रवास के दूसरे दिन यानी 13 जून को राष्ट्रपति भारतीय सैन्य अकादमी के ऐतिहासिक ‘चेटवुड हॉल’ के सामने वाले ड्रिल स्क्वायर पर आयोजित होने वाली भव्य पासिंग आउट परेड की सलामी लेंगी। यह परेड 158वें रेगुलर कोर्स और 141वें टेक्निकल ग्रेजुएट कोर्स के कैडेटों के प्रशिक्षण के समापन का प्रतीक होगी।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, 13 जून की सुबह 7:30 बजे से परेड की शुरुआत होगी। इस दौरान द्रौपदी मुर्मू मुख्य अतिथि और रिव्यूइंग ऑफिसर के रूप में मौजूद रहेंगी। उनके आगमन को लेकर आईएमए परिसर में उत्साह का वातावरण है। भारतीय सैन्य अकादमी विश्व के श्रेष्ठ सैन्य प्रशिक्षण संस्थानों में से एक है और यहां से प्रशिक्षण प्राप्त कर युवा कैडेट भारतीय थल सेना में अधिकारी के रूप में अपनी सेवाएं शुरू करते हैं। 158वें रेगुलर कोर्स और 141वें टेक्निकल ग्रेजुएट कोर्स के सैकड़ों भारतीय और मित्र देशों के कैडेट इस परेड का हिस्सा बनेंगे, जो राष्ट्रपति के समक्ष अपनी दक्षता का प्रदर्शन करेंगे।
द्रौपदी मुर्मू की इस यात्रा को देखते हुए देहरादून में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। हवाई अड्डे से लेकर राजभवन और भारतीय सैन्य अकादमी तक के मार्ग पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। राष्ट्रपति की उपस्थिति में होने वाली यह पासिंग आउट परेड उन युवा अधिकारियों के लिए एक अविस्मरणीय अनुभव होगा, जो कठिन प्रशिक्षण के बाद देश सेवा का संकल्प लेंगे। सैन्य परंपराओं के अनुसार, मुख्य अतिथि के रूप में द्रौपदी मुर्मू बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले कैडेटों को प्रतिष्ठित ‘स्वॉर्ड ऑफ ऑनर’ और अन्य पदकों से सम्मानित भी करेंगी।
इस दो दिवसीय प्रवास के दौरान द्रौपदी मुर्मू के अन्य संभावित कार्यक्रमों को लेकर भी जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है। 13 जून की सुबह परेड की समाप्ति के बाद वे नव-नियुक्त अधिकारियों और उनके परिजनों को संबोधित करेंगी। राष्ट्रपति का यह संबोधन उन युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा जो भारतीय सेना की गौरवशाली परंपराओं को आगे बढ़ाने के लिए तैयार हैं। यह दौरा उत्तराखंड के साथ राष्ट्रपति के जुड़ाव को भी रेखांकित करता है। पीआईबी देहरादून द्वारा साझा किए गए इस मीडिया अपडेट ने राज्य में राजनीतिक और सैन्य हलचल तेज कर दी है। परेड के सफलतापूर्वक संपन्न होने के बाद राष्ट्रपति के वापस दिल्ली लौटने की संभावना है। फिलहाल, पूरी राजधानी राष्ट्रपति के स्वागत और आईएमए की इस ऐतिहासिक परेड के सफल आयोजन की प्रतीक्षा कर रही है।
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