US: अमेरिका ने चीन पर चुनावों में दखल का लगाया आरोप, बढ़ा तनाव

वाशिंगटन डी.सी. – अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने चीन की अपनी तीन दिवसीय यात्रा के बाद CNN को दिए एक इंटरव्यू में चिंता जताई है कि चीन आगामी अमेरिकी चुनावों को प्रभावित करने और उनमें दखल देने की कोशिश कर रहा है। ब्लिंकन का यह आरोप चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग द्वारा पहले किए गए वादे के विपरीत है जिसमें उन्होंने इस तरह की गतिविधियों से बचने की बात कही थी। ब्लिंकन की यात्रा के दौरान उनकी राष्ट्रपति शी सहित शीर्ष चीनी अधिकारियों के साथ कई घंटों की बैठकें हुईं, जिनमें अमेरिकी तकनीकी नियंत्रण से लेकर मॉस्को को बीजिंग के समर्थन जैसे कई विवादास्पद मुद्दों पर चर्चा हुई। उन्होंने पिछले साल नवंबर में सैन फ्रांसिस्को में हुए शिखर सम्मेलन के दौरान राष्ट्रपति जो बाइडन द्वारा शी जिनपिंग को दिए गए संदेश को दोहराया, जिसमें उन्होंने 2024 के अमेरिकी राष्ट्रपति चुनावों में हस्तक्षेप न करने का अनुरोध किया था। शी ने उस समय इस पर सहमति जताई थी। जब ब्लिंकन से पूछा गया कि क्या चीन पहले से ही इस वादे का उल्लंघन कर रहा है, तो उन्होंने कहा, “हाँ, हमने ऐसा देखा है,“ हालांकि उन्होंने इस बारे में विस्तार से जानकारी नहीं दी। उन्होंने अमेरिका में मौजूदा सामाजिक विभाजनों का फायदा उठाने के लिए चीन और अन्य देशों द्वारा चलाए जा रहे प्रभाव अभियानों पर भी चिंता व्यक्त की। चीन ने इन आरोपों का खंडन किया है और कहा है कि वह अन्य देशों के आंतरिक मामलों में दखल नहीं देता। हालांकि, ब्लिंकन के बयानों से दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ने की संभावना है। अब देखना होगा कि अमेरिका इन आरोपों पर क्या कार्रवाई करता है और चीन इस पर कैसी प्रतिक्रिया देता है।   Pls read:US: अमेरिकी विश्वविद्यालाओं में इजराइल-हमास युद्ध के विरोध में उबाल,…

Chardham Yatra: तैयारियों पर मुख्यमंत्री धामी की बैठक, अधिकारियों को दिये सख्त निर्देश

  देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चारधाम यात्रा की तैयारियों की समीक्षा बैठक की और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि यात्रा शुरू होने से पहले सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूरी कर ली जाएं। मुख्य निर्देश: सचिवों द्वारा स्थलीय निरीक्षण: सभी विभागों के सचिवों को यात्रा मार्गों का स्थलीय निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को समय पर पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। साप्ताहिक समीक्षा बैठक: मुख्य सचिव हर हफ्ते चारधाम यात्रा व्यवस्थाओं की समीक्षा बैठक करेंगी। डीजीपी द्वारा निरीक्षण: डीजीपी को भी यात्रा से पहले स्थलीय निरीक्षण कर पुलिस और कानून व्यवस्था का जायजा लेने के निर्देश दिए गए हैं। बुजुर्गों के लिए स्वास्थ्य सुविधाएं: यात्रा मार्ग पर बुजुर्ग श्रद्धालुओं के लिए जगह–जगह प्राइवेट हेल्थकेयर टेस्टिंग किट की व्यवस्था की जाएगी। प्लास्टिक और कूड़ा प्रबंधन: यात्रा मार्गों पर प्लास्टिक और कूड़ा प्रबंधन के लिए बेहतर व्यवस्थाएं की जाएंगी। घोड़े–खच्चर चालकों का वेरिफिकेशन: घोड़े और खच्चर चालकों का वेरिफिकेशन कराया जाएगा और उनका पुलिस और आपराधिक रिकॉर्ड चेक किया जाएगा। घोड़े–खच्चरों का स्वास्थ्य परीक्षण भी कराया जाएगा। श्रद्धालुओं से शालीनतापूर्ण व्यवहार: मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि यात्रा पर आने वाले सभी श्रद्धालुओं से शालीनतापूर्ण व्यवहार किया जाए। अन्य व्यवस्थाएं: यात्रा मार्गों पर विद्युत, पेयजल, सड़क, शौचालय आदि की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। सुरक्षाकर्मियों को अलर्ट मोड पर रहने और वाहन चालकों के लिए उचित व्यवस्था करने के निर्देश भी दिए गए हैं। सूचना तंत्र: श्रद्धालुओं को आवश्यक सूचनाएं समय पर मिल सकें, इसके लिए सूचना तंत्र को मजबूत किया जाएगा। सोशल मीडिया का बेहतर उपयोग किया जाएगा। निर्देशिका: होटल, गेस्ट हाउस और होम स्टे में चारधाम यात्रा से संबंधित निर्देशिका विभिन्न भाषाओं में उपलब्ध कराई जाएगी। वनाग्नि पर भी नजर: मुख्यमंत्री ने कहा कि चारधाम यात्रा के साथ ही वनाग्नि को रोकना भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने वन विभाग और अन्य विभागों को अलर्ट मोड पर रहने और वनाग्नि की रोकथाम के लिए सूचना तंत्र को मजबूत करने के निर्देश दिए हैं। चारधाम यात्रा की तिथियाँ:…

Uttarakhand: उत्तराखंड में बिजली हुई महंगी, आम आदमी को 7 फीसद तक का झटका

उत्तराखंड: प्रदेश में बिजली उपभोक्ताओं को बड़ा झटका लगा है। उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग ने बिजली दरों में करीब 7 प्रतिशत की बढ़ोतरी की घोषणा की है। नई दरें आज से ही लागू हो गई हैं। कितनी बढ़ी दरें? घरेलू उपभोक्ता: 100 यूनिट तक: 25 पैसे प्रति यूनिट की बढ़ोतरी 101 से 200 यूनिट: 30 पैसे प्रति यूनिट की बढ़ोतरी 201 से 400 यूनिट: 40 पैसे प्रति यूनिट की बढ़ोतरी सोलर वॉटर हीटर: 75 रुपये प्रति 50 लीटर की छूट जारी रहेगी। किनको राहत? बीपीएल परिवार: प्रदेश के लगभग 4.5 लाख बीपीएल परिवारों के लिए बिजली दरों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। स्नो बाउंड क्षेत्र: बर्फ़बारी से प्रभावित क्षेत्रों में भी बिजली की दरें नहीं बढ़ाई गई हैं। फिक्स्ड चार्ज: किसी भी श्रेणी के लिए फिक्स्ड चार्ज में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है।     Pls read:Uttarakhand: हेडमास्टर…

Punjab: पंजाब पुलिस की बड़ी कामयाबी, भगोड़ा गैंगस्टर राजू शूटर दस साथियों के साथ दबोचा

चंडीगढ़: पंजाब पुलिस की एंटी–गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) ने केंद्रीय एजेंसियों और जम्मू–कश्मीर पुलिस के साथ मिलकर एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए भगोड़ा गैंगस्टर चरणजीत सिंह उर्फ राजू शूटर और उसके 10 साथियों को गिरफ्तार किया है। राजू शूटर तरनतारन के सिविल अस्पताल से फरार हो गया था। पंजाब के पुलिस महानिदेशक (DGP) गौरव यादव ने बताया कि पंजाब और जम्मू–कश्मीर में 48 घंटे तक चले ऑपरेशन के दौरान यह सफलता मिली है। बरामद हथियार: पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से चार हथियार और 26 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। इनमें एक डबल बैरल राइफल भी शामिल है, जो 28 फरवरी, 2024 को तरनतारन के मीत गन हाउस से चोरी हुई थी। गिरफ्तार आरोपी: राजू शूटर के अलावा गिरफ्तार किए गए 10 लोगों में हुसनप्रीत सिंह, गुलाब सिंह, अमृतपाल सिंह, बलजिंदर सिंह, बॉबी, लवप्रीत सिंह, अमृतपाल सिंह, साजन, सुखचैन सिंह और हरमेश सिंह शामिल हैं। ये सभी पंजाब के तरनतारन, अमृतसर और श्री मुक्तसर साहिब जिलों के रहने वाले हैं। राजू शूटर गिरोह के कारनामे: राजू शूटर माझा क्षेत्र में सक्रिय एक संगठित आपराधिक गिरोह का सरगना है। गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी हत्या के प्रयास, डकैती, मादक पदार्थों की तस्करी जैसी आपराधिक गतिविधियों में शामिल थे। सितंबर 2023 में यह गिरोह तरनतारन के एक बैंक को लूटने की कोशिश में शामिल था, जिसमें एक पुलिस अधिकारी गंभीर रूप से घायल हो गया था। 16 अप्रैल, 2024 को राजू शूटर के साथियों ने उसे तरनतारन के सिविल अस्पताल से भगाने की साजिश रची थी। पुलिस की तत्परता: DGP गौरव यादव ने बताया कि विश्वसनीय सूचना मिलने के बाद AGTF पंजाब ने राजू शूटर और उसके गिरोह के सदस्यों को पकड़ने के लिए 12 पुलिस टीमें गठित की थीं। उन्होंने जम्मू–कश्मीर पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों को इस ऑपरेशन में सहयोग के लिए धन्यवाद दिया। जांच जारी: पुलिस ने बताया कि शुरुआती जांच में पता चला है कि राजू शूटर के छह साथियों ने उसे अस्पताल से भागने में मदद की थी। इनमें से तीन को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि बाकी तीन की तलाश जारी है। इस ऑपरेशन को पंजाब पुलिस की एक बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। इससे राज्य में अपराध और गैंगस्टर गतिविधियों पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी।   PLs read:Punjab: मुख्य…

Himachal: तीन निर्दलीय विधायकों के इस्तीफे पर सुनवाई 30 अप्रैल तक टली

शिमला: हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट में तीन निर्दलीय विधायकों के इस्तीफों को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई 30 अप्रैल तक के लिए टल गई है। विधायकों ने अपने इस्तीफे स्वीकार न करने और स्पीकर द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी करने के खिलाफ हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। मामले की पृष्ठभूमि: देहरा से निर्दलीय विधायक होशियार सिंह चंब्याल, नालागढ़ से केएल ठाकुर और हमीरपुर से आशीष शर्मा ने 22 मार्च को विधानसभा अध्यक्ष और सचिव को अपने इस्तीफे सौंपे थे। राज्यपाल को भी इस्तीफों की प्रतियां दी गई थीं। विधायकों का आरोप है कि स्पीकर ने उनके इस्तीफे स्वीकार नहीं किए और इस्तीफे के कारण बताने के लिए नोटिस जारी किया। विधायकों का पक्ष: विधायकों के वकील ने कहा कि उनके मुवक्किलों ने अपनी मर्जी से इस्तीफे दिए हैं और उन्हें कारण बताने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि स्पीकर ने भी उनके इस्तीफे की बात स्वीकार की है, फिर भी उन्हें मंजूरी नहीं दी जा रही है। विधायकों का कहना है कि स्पीकर के जवाब से उनकी दुर्भावना जाहिर होती है, जिसमें उन पर राज्यसभा चुनाव के दौरान भाजपा प्रत्याशी के पक्ष में वोट डालने का दबाव होने का आरोप लगाया गया है। स्पीकर का पक्ष: स्पीकर के वकील ने कहा कि अदालत स्पीकर को उनके संवैधानिक दायित्वों का निर्वहन करने से नहीं रोक सकती। स्पीकर को इस्तीफे के कारणों की जांच करने का अधिकार है। उन्होंने कहा कि राज्यसभा चुनाव के बाद ये निर्दलीय विधायक सीआरपीएफ की सुरक्षा में प्रदेश से बाहर रहे और इसी सुरक्षा में आकर अपने इस्तीफे सौंपे, जो दबाव में होने का संकेत देता है। अगली सुनवाई 30 अप्रैल को: दोनों पक्षों की बहस पूरी न होने के कारण हाईकोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 30 अप्रैल को तय की है। उस दिन स्पीकर की ओर से बहस पूरी की जाएगी और उसके बाद कोर्ट अपना फैसला सुना सकता है।   Pls read:Himachal: विक्रमादित्य…

Himachal: विक्रमादित्य बोले- बोलने से पहले इतिहास पढ़कर आए कंगना

गोहर/सुंदरनगर: हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के बेटे और कांग्रेस प्रत्याशी विक्रमादित्य सिंह ने मंडी संसदीय क्षेत्र से अपनी चुनावी यात्रा की शुरुआत कर दी है। इस दौरान उन्होंने भाजपा और अभिनेत्री कंगना रनौत पर जमकर निशाना साधा। कंगना को नसीहत, इतिहास पढ़कर आएं: नाचन विधानसभा के चैलचौक और सुंदरनगर में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलनों में विक्रमादित्य सिंह ने कंगना रनौत को सलाह दी कि वह मंच पर बोलने से पहले देश और प्रदेश का इतिहास पढ़कर आएं। उन्होंने कहा कि कंगना दूसरों को हिंदू विरोधी कहने से पहले अपने गिरेबान में झांक कर देखें। उन्होंने याद दिलाया कि मतांतरण पर कानून बनाने वाला हिमाचल पहला राज्य था और अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि और दशहरा उत्सव में देवी–देवताओं का नजराना और देव सदनों का निर्माण उनके पिता वीरभद्र सिंह ने करवाया था। भाजपा पर भी हमला: विक्रमादित्य सिंह ने भाजपा पर भी निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी क्षेत्रवाद, जातिवाद का जहर घोलने और व्यक्तिगत आक्षेप लगाने के बजाय मुद्दों और भविष्य की बात करे। उन्होंने कहा कि वह देवी–देवताओं के आशीर्वाद से नई सोच के साथ आगे बढ़ेंगे और मजबूती के साथ चुनाव लड़ेंगे और जीतेंगे भी। पिता की विरासत को आगे बढ़ाने का संकल्प: विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि पार्टी ने उन्हें जब दिल्ली में चुनाव लड़ने की जिम्मेदारी दी तो उन्हें अपने पिता का 1962 का किस्सा याद आ गया, जब उन्हें कॉलेज से बुलाकर महासू सीट से चुनाव लड़ने भेजा गया था। उन्होंने कहा कि वह भी पिता के नक्शे कदम पर चलकर आगे बढ़ेंगे। जयराम ठाकुर पर कटाक्ष: विक्रमादित्य सिंह ने नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर पर कटाक्ष करते हुए कहा कि वह प्रदेश सरकार के गिरने और मुख्यमंत्री बनने का सपना छोड़ दें। उन्होंने कहा कि सरकार अपना कार्यकाल पूरा करेगी और जनता की सेवा करती रहेगी। विक्रमादित्य सिंह के चुनावी मैदान में उतरने से मंडी संसदीय क्षेत्र का चुनाव रोचक हो गया है। देखना होगा कि जनता किस पर अपना भरोसा जताती है।   Pls read:Himachal: बिलासपुर में महिलाओं…

Himachal: बिलासपुर में महिलाओं से नकली पिस्तौल से लूटपाट, पंजाब के पांच आरोपा धरे

बिलासपुर: पंजाब के पटियाला से आए पांच लोगों ने बिलासपुर के दबट में दो महिलाओं से लूटपाट की घटना को अंजाम दिया। आरोपियों ने नकली पिस्तौल दिखाकर महिलाओं के कान से सोने की बालियां और टॉप्स लूट लिए और फरार हो गए। पुलिस ने पीछा कर तीन नाके तोड़ने और पुलिस जवानों पर गाड़ी चढ़ाने की कोशिश करने के बाद सभी पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। घटना का विवरण: रास्ता पूछने के बहाने लूटपाट: बुधवार शाम दबट गांव में दो महिलाएं, राम प्यारी और सुखदेई, पुल पर बैठी बातें कर रही थीं। इसी दौरान पंजाब नंबर की एक स्विफ्ट कार में सवार पांच लोग आए और उनसे गुरु का लाहौर जाने का रास्ता पूछा। बातों में उलझाकर एक आरोपी ने नकली पिस्तौल निकाली और धमकी देकर महिलाओं के कान से सोने की बालियां और टॉप्स लूट लिए। पुलिस का पीछा, तीन नाके तोड़े: लूटपाट की सूचना मिलते ही पुलिस ने आरोपियों का पीछा किया। आरोपियों ने पुलिस से बचने के लिए तीन नाके तोड़े और पुलिस जवानों पर गाड़ी चढ़ाने की भी कोशिश की। पांचों आरोपी गिरफ्तार: पुलिस ने आखिरकार सभी पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें चार युवक और एक नाबालिग लड़का शामिल है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान: गौरव गिरी (23 वर्ष), धुंधल, पटियाला अजय कुमार, सासा, पटियाला जसप्रीत कौर (33 वर्ष), अर्बन एस्टेट, पटियाला टिंकू शर्मा (19 वर्ष), बुनेरी, पटियाला एक 15 वर्षीय नाबालिग लड़का पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच कर रही है।   Pls read:Himachal: बागी…

Uttarakhand: हेडमास्टर पर तमंचे से हमला, फायर हुआ मिस बच गई जान

रुड़की: गंगनहर कोतवाली क्षेत्र के पाडली गुर्जर गांव में एक प्राथमिक स्कूल के हेडमास्टर पर जानलेवा हमला हुआ है। आरोप है कि कुछ लोगों ने लाठी–डंडों से हमला करने के साथ ही उन पर तमंचे से फायर भी किया, लेकिन गोली मिस हो गई जिससे उनकी जान बच गई। हमलावर हेडमास्टर से 5 हजार रुपये और सोने की चेन लूटकर फरार हो गए। क्या है पूरा मामला? प्रतिबंधित मांस का विरोध बना वजह: पीडित हेडमास्टर फरमान अली ने बताया कि उनके घर के सामने रफीक उर्फ रफी नाम का व्यक्ति प्रतिबंधित मांस बेचता है। इसका उन्होंने कई बार विरोध किया था, जिससे रफीक उनसे रंजिश रखता था। स्कूल जाते समय घात लगाकर किया हमला: 23 अप्रैल की सुबह जब फरमान अली स्कूल जा रहे थे, तभी रफीक और उसके साथियों ने पाडली गुर्जर और पनियाला गांव के बीच घात लगाकर उन पर हमला कर दिया। लाठी–डंडों से पीटा, तमंचे से फायर किया: आरोपियों ने फरमान अली को लाठी–डंडों से पीटा और उनकी बाइक में तोड़फोड़ की। इसके बाद सलमान नाम के आरोपी ने उनकी कनपटी पर तमंचा लगाकर फायर कर दिया, लेकिन गोली मिस हो गई। लूटपाट कर भागे आरोपी: फरमान अली के शोर मचाने पर आरोपी उनकी जेब से 5 हजार रुपये और सोने की चेन लूटकर भाग गए। जल्दबाजी में अपनी बाइक मौके पर ही छोड़ गए। पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा, आरोपी फरार पुलिस ने फरमान अली की तहरीर पर रफीक उर्फ रफी, शफीक उर्फ छोटा, सिराज, सलमान, नदीम और कैफी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। सभी आरोपी फरार हैं और पुलिस उनकी तलाश कर रही है।   PLs read:Uttarakhand: उत्तराखंड में जंगल की आग…

Uttarakhand: उत्तराखंड में जंगल की आग बेकाबू, 24 घंटे में 54 घटनाएं

देहरादून: उत्तराखंड में जंगलों में आग का तांडव जारी है। शुष्क मौसम और तेज धूप के कारण आग तेजी से फैल रही है, जिससे वन संपदा को भारी नुकसान हो रहा है। पिछले 24 घंटों में राज्य में आग की 54 नई घटनाएं दर्ज की गई हैं, जिनमें लगभग 75 हेक्टेयर वन क्षेत्र जलकर खाक हो गया है। आग की विकराल स्थिति: फायर सीजन में अब तक 544 घटनाएं: इस फायर सीजन में अब तक राज्य में कुल 544 जगहों पर आग लग चुकी है, जिससे 657 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित हुआ है। कुमाऊं और वन्यजीव क्षेत्र में दो लोग झुलसे: आग की चपेट में आने से कुमाऊं और वन्यजीव क्षेत्र में दो लोग झुलस गए हैं। कई जिलों में आग का प्रकोप: नई टिहरी, रानीखेत, अल्मोड़ा, बागेश्वर, पिथौरागढ़, चंपावत, नरेंद्रनगर, उत्तरकाशी, तराई पूर्वी, लैंसडौन, हल्द्वानी, रामनगर, रुद्रप्रयाग, केदारनाथ वन प्रभाग, कालागढ़ टाइगर रिजर्व, राजाजी टाइगर रिजर्व और नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क में आग की घटनाएं सामने आई हैं। वन विभाग की कोशिशें: कंट्रोल रूम स्थापित: वन विभाग ने आग पर नियंत्रण के लिए मुख्यालय में एक कंट्रोल रूम स्थापित किया है। हेल्पलाइन नंबर जारी: लोगों से आग की सूचना देने के लिए हेल्पलाइन नंबर 18001804141, 01352744558 जारी किए गए हैं। इसके अलावा 9389337488 और 7668304788 पर व्हाट्सएप के माध्यम से भी सूचना दी जा सकती है। राज्य आपदा कंट्रोल रूम से संपर्क: आग लगने की स्थिति में लोग राज्य आपदा कंट्रोल रूम देहरादून को 9557444486 और हेल्पलाइन नंबर 112 पर भी सूचित कर सकते हैं। उत्तराखंड के जंगलों में लगी आग ने चिंता बढ़ा दी है। वन विभाग आग बुझाने के प्रयास में जुटा है, लेकिन आग की विकरालता को देखते हुए स्थिति गंभीर बनी हुई है।   यह पढ़ेंःUttarakhand: उत्तराखंड में महज…

US: अमेरिकी विश्वविद्यालाओं में इजराइल-हमास युद्ध के विरोध में उबाल, कई जगह झड़पें

न्यूयॉर्क: इज़राइल और हमास के बीच जारी युद्ध के विरोध में अमेरिका के कई विश्वविद्यालयों में प्रदर्शन उग्र हो गए हैं। कई जगहों पर पुलिस को प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए बुलाना पड़ा है, जिससे झड़पें और गिरफ्तारियां हुई हैं। मुख्य घटनाक्रम: व्यापक विरोध प्रदर्शन: कैलिफोर्निया के दक्षिणी विश्वविद्यालय, ऑस्टिन में टेक्सास विश्वविद्यालय, बोस्टन के इमर्सन कॉलेज, कैलिफोर्निया स्टेट पॉलिटेक्निक यूनिवर्सिटी, हम्बोल्ट, ब्राउन यूनिवर्सिटी, मिशिगन यूनिवर्सिटी, एमआईटी और कोलंबिया विश्वविद्यालय सहित कई विश्वविद्यालयों में विरोध प्रदर्शन हुए हैं। पुलिस से झड़प और गिरफ्तारियां: दक्षिणी कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय में 93, ऑस्टिन में टेक्सास विश्वविद्यालय में दर्जनों और इमर्सन कॉलेज में 108 प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार किया गया है। इमर्सन कॉलेज में झड़प के दौरान चार पुलिस अधिकारी घायल भी हुए हैं। परिसर बंद: बढ़ते विरोध प्रदर्शनों के कारण दक्षिणी कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय ने अपने परिसर को बंद करने की घोषणा की है। यहूदी विरोधी भावना का आरोप: कुछ यहूदी छात्रों ने आरोप लगाया है कि विरोध प्रदर्शन यहूदी विरोधी भावना में बदल रहे हैं। प्रदर्शनकारियों की मांग: प्रदर्शनकारी अमेरिकी सरकार पर गाजा में नागरिकों पर इजरायली हमलों को रोकने के लिए दबाव बनाने की मांग कर रहे हैं। राजनीतिक हस्तियों की भागीदारी: अमेरिकी प्रतिनिधि सभा के अध्यक्ष माइक जॉनसन जब कोलंबिया विश्वविद्यालय में यहूदी छात्रों का समर्थन करने पहुंचे, तो उनका सामना फलस्तीन समर्थक प्रदर्शनकारियों के विरोध से हुआ। स्थिति यह दर्शाती है कि इज़राइल–हमास युद्ध को लेकर अमेरिका में गहरे मतभेद और तनाव हैं, जो विश्वविद्यालय परिसरों में भी साफ दिखाई दे रहे हैं।   Pls read:US: अमेरिका ने ईरान से…