देहरादून। उत्तराखंड की राजनीति के दिग्गज खिलाड़ी और पूर्व कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत ने आगामी 2027 के विधानसभा चुनावों के लिए अपने इरादे साफ कर दिए हैं। उन्होंने घोषणा की है कि वे आगामी चुनाव पूरी मजबूती के साथ लड़ेंगे और पार्टी आलाकमान उन्हें जिस भी विधानसभा क्षेत्र से जिम्मेदारी सौंपेगा, वे वहां से चुनावी मैदान में उतरने के लिए तैयार हैं। बृहस्पतिवार को देहरादून स्थित कांग्रेस भवन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान हरक सिंह रावत ने यह स्पष्ट किया कि उनके भविष्य की चुनावी सीट को लेकर पार्टी के भीतर गंभीर चर्चा चल रही है।
हरक सिंह रावत ने बताया कि उनकी उम्मीदवारी और निर्वाचन क्षेत्र के चयन को लेकर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह जैसे वरिष्ठ नेताओं के साथ लगातार संवाद बना हुआ है। उन्होंने कहा कि अगले 10 दिनों के भीतर यह पूरी तरह स्पष्ट हो जाएगा कि वे किस विधानसभा सीट से चुनाव लड़ेंगे। रावत का कहना था कि वे फिलहाल प्रदेश की कई महत्वपूर्ण सीटों पर अपनी जमीन तैयार कर रहे हैं और उनकी प्राथमिकता यह है कि उनके चुनाव लड़ने से कांग्रेस पार्टी को राज्य में अधिकतम मजबूती और लाभ मिले।
मीडिया से रूबरू होते हुए पूर्व मंत्री ने कहा कि टिकट वितरण का अंतिम निर्णय पूरी तरह से पार्टी नेतृत्व पर निर्भर है। उन्होंने अपनी इच्छा जताते हुए कहा कि यदि पार्टी उन्हें देहरादून जिले की सहसपुर या धर्मपुर सीट से लड़ने का निर्देश देती है, तो वे उसके लिए भी तैयार हैं। साथ ही उन्होंने कोटद्वार से भी चुनाव लड़ने की संभावनाओं से इनकार नहीं किया। हरक सिंह रावत ने यह भी साझा किया कि प्रदेश प्रभारी कुमारी सैलजा ने अपने हालिया उत्तराखंड दौरे के दौरान उन्हें जल्द से जल्द अपनी पसंद की सीट तय करने का सुझाव दिया था।
हरक सिंह रावत के अनुसार, केदारनाथ, टिहरी और कोटद्वार जैसे क्षेत्रों की जनता और समर्थक भी उन्हें वहां से चुनाव लड़ने के लिए आमंत्रित कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने दोहराया कि वे एक अनुशासित सिपाही की तरह वही करेंगे जो पार्टी का शीर्ष नेतृत्व तय करेगा। गौरतलब है कि हरक सिंह रावत अपनी बदली हुई राजनीतिक परिस्थितियों के बीच खुद को कांग्रेस के भीतर एक बार फिर प्रभावशाली नेता के रूप में स्थापित करने की कोशिश कर रहे हैं। उनके इस बयान ने राज्य की राजनीति में विशेष रूप से उन विधानसभा क्षेत्रों में हलचल तेज कर दी है जहां से उनके चुनाव लड़ने की चर्चाएं आम हैं।
2027 के विधानसभा चुनाव के लिए हरक सिंह रावत की यह सक्रियता दर्शाती है कि वे आने वाले समय में कांग्रेस के चुनावी अभियान में एक मुख्य भूमिका निभाने की तैयारी में हैं। वे अपनी रणनीति और समर्थकों के फीडबैक को पार्टी नेतृत्व के सामने रख रहे हैं ताकि एक ऐसी सीट का चयन किया जा सके जहां से उनकी जीत सुनिश्चित हो सके। अब सभी की नजरें कांग्रेस नेतृत्व के अगले कदम पर टिकी हैं, जो यह तय करेगा कि उत्तराखंड का यह कद्दावर नेता किस रणक्षेत्र से अपनी राजनीतिक किस्मत आजमाएगा। आगामी 10 दिनों में होने वाला निर्णय न केवल हरक सिंह रावत बल्कि उन संबंधित विधानसभा सीटों के अन्य दावेदारों के लिए भी काफी महत्वपूर्ण साबित होने वाला है।
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