देहरादून। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश के विभिन्न जनपदों के सर्वांगीण विकास और आगामी महाकुंभ की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए 102 करोड़ रुपये से अधिक की विकास योजनाओं को वित्तीय और प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की है। इन स्वीकृतियों के माध्यम से स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार, बाढ़ सुरक्षा कार्यों और अवस्थापना विकास को नई गति मिलेगी। मुख्यमंत्री का यह निर्णय राज्य की बुनियादी संरचना को मजबूत करने और जनसुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
स्वास्थ्य क्षेत्र को प्राथमिकता देते हुए मुख्यमंत्री ने ऊधम सिंह नगर जिले के उपजिला चिकित्सालय, बाजपुर में कार्यरत छह चिकित्सा अधिकारियों के लिए आवासीय भवनों के निर्माण हेतु 4 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है। इससे स्थानीय स्तर पर डॉक्टरों के निवास की समस्या हल होगी और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा। इसके साथ ही, मुख्यमंत्री ने पौड़ी गढ़वाल के रिखणीखाल स्थित राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय डोबरियासार का नाम बदलकर शहीद अनुज नेगी के नाम पर रखने का निर्णय लिया है, जो वीर शहीदों के सम्मान के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
आगामी कुंभ मेला-2027 की भव्यता और सुरक्षा को देखते हुए मुख्यमंत्री ने हरिद्वार के लिए दो बड़ी परियोजनाओं को हरी झंडी दिखाई है। हरिद्वार में अत्याधुनिक पुलिस कमांड कंट्रोल सेंटर भवन के निर्माण के लिए 50.27 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। साथ ही, हर की पैड़ी से लेकर ललतारों सेतु तक की गलियों के सुधारीकरण और सौंदर्यीकरण के लिए 9 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है। इस कार्य की महत्ता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने इसका क्रियान्वयन स्मार्ट सिटी पीआईयू, देहरादून को सौंपने का निर्देश दिया है।
प्राकृतिक आपदाओं से क्षतिग्रस्त हुई सड़कों और पुलों की मरम्मत के लिए भी सरकार ने खजाना खोला है। लोक निर्माण विभाग की मांग पर प्राकृतिक आपदा से प्रभावित संपत्तियों के पुनर्निर्माण के लिए राज्य आपदा मोचन निधि से 25 करोड़ रुपये जारी करने का अनुमोदन दिया गया है। इसी कड़ी में हरिद्वार के खानपुर क्षेत्र के एक असुरक्षित आरसीसी सेतु की क्षतिग्रस्त एप्रोच को ठीक करने के लिए 2.67 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी की गई है।
बाढ़ सुरक्षा की दिशा में चंपावत की हुड्डी नदी, चमोली के गैरसैंण में रामगंगा नदी, उत्तरकाशी के हर्षिल में भागीरथी और देहरादून के धर्मपुर में सुसवा नदी के तटों पर सुरक्षात्मक दीवारों के निर्माण के लिए करोड़ों रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है। इन कार्यों से नदियों के किनारे बसे रिहायशी इलाकों को भू-कटाव और बाढ़ के खतरे से सुरक्षा मिलेगी। इसके अतिरिक्त, नगर पंचायत ईमलीखेड़ा में पुराने कचरे (लीगेसी वेस्ट) के निस्तारण के लिए भी 13.90 लाख रुपये की राशि मंजूर की गई है। मुख्यमंत्री के इन फैसलों से प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में विकास कार्यों को नया संबल मिलेगा।
Pls read:Uttarakhand: होली के उल्लास के बीच वरिष्ठ नेताओं से मिले मुख्यमंत्री धामी