US: वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मदुरो की गिरफ्तारी के बाद काराकास में सन्नाटा और अमेरिका ने किया सत्ता चलाने का एलान – The Hill News

US: वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मदुरो की गिरफ्तारी के बाद काराकास में सन्नाटा और अमेरिका ने किया सत्ता चलाने का एलान

नई दिल्ली। अमेरिका की एक अचानक और नाटकीय सैन्य कार्रवाई में वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मदुरो और उनकी पत्नी की गिरफ्तारी के बाद राजधानी काराकास में अजीब सी शांति और सन्नाटा पसर गया है। रविवार को शहर का नजारा आम दिनों से बिल्कुल अलग था। सड़कें वीरान थीं और दुकानें, पेट्रोल पंप व अन्य व्यवसाय लगभग बंद रहे। लोगों के चेहरे पर डर और अनिश्चितता के भाव साफ देखे जा सकते थे।

समाचार एजेंसियों के मुताबिक मदुरो और उनकी पत्नी पर न्यूयॉर्क में नार्को टेररिज्म के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। इस बड़े घटनाक्रम के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने एक बड़ा एलान करते हुए कहा है कि अब अमेरिका ही वेनेजुएला चलाएगा। इस बीच देश की शीर्ष अदालत ने उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज को अंतरिम राष्ट्रपति घोषित कर दिया है जिन्हें फिलहाल अमेरिका का समर्थन हासिल बताया जा रहा है। यह फैसला संविधान के तहत लिया गया है लेकिन आगे क्या होगा इसे लेकर आम जनता पूरी तरह असमंजस में है।

शनिवार तड़के अमेरिकी कार्रवाई के बाद लोगों में अफरातफरी मच गई थी और लोग जरूरी सामान जमा करने के लिए दुकानों और पेट्रोल पंपों पर टूट पड़े थे। लेकिन रविवार को तनाव थोड़ा कम दिखा पर खत्म नहीं हुआ। राजधानी के बाहर ला ग्वाइरा इलाके में अमेरिकी हमलों के निशान साफ दिखाई दे रहे हैं। कई घरों की दीवारों में छेद हैं और विस्फोटों से इमारतें क्षतिग्रस्त हुई हैं। पूर्वी काराकास के एक गरीब इलाके में रहने वाले मजदूर डैनियल ने बताया कि डर के मारे चर्च में सुबह की प्रार्थना भी नहीं हो सकी। लोगों को डर है कि मदुरो के जाने का जश्न मनाने पर सरकार कोई कार्रवाई न कर दे।

इस पूरे संकट के केंद्र में तेल का खेल भी अहम माना जा रहा है। वेनेजुएला के पास दुनिया का सबसे बड़ा ज्ञात तेल भंडार है जिसका बड़ा हिस्सा अब तक इस्तेमाल में नहीं लाया गया है। ट्रंप ने साफ कर दिया है कि अमेरिकी कंपनियां वहां तेल निकालेंगी जिसे मदुरो और पिछली सरकारें इस्तेमाल नहीं कर पाई थीं।

अमेरिका ने वेनेजुएला के मौजूदा नेतृत्व के साथ काम करने की शर्त भी रखी है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने कहा कि वेनेजुएला के नेताओं के कदमों को देखकर ही अगला फैसला लिया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सही फैसले नहीं लिए गए तो अमेरिका के पास दबाव बनाने के कई तरीके मौजूद हैं। इस बीच वेनेजुएला की सरकारी तेल कंपनी पीडीवीएसए ने कच्चे तेल का उत्पादन घटाने को कहा है क्योंकि अमेरिकी प्रतिबंधों और नाकाबंदी के चलते तेल निर्यात ठप हो गया है और भंडारण बढ़ता जा रहा है।

 

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