धर्मशाला। हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला स्थित तपोवन विधानसभा परिसर में शुक्रवार का दिन बेहद गहमागहमी भरा रहा। सदन की कार्यवाही के दौरान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ यानी आरएसएस पर की गई एक टिप्पणी को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जमकर तकरार हुई। राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी द्वारा संघ को लेकर दिए गए बयान पर भारतीय जनता पार्टी के विधायकों ने कड़ा एतराज जताया और सदन में जोरदार हंगामा किया। भाजपा सदस्यों ने मांग की कि राजस्व मंत्री की टिप्पणी को विधानसभा के रिकॉर्ड से तुरंत हटाया जाए और मंत्री अपने बयान के लिए माफी मांगें।
विवाद की शुरुआत तब हुई जब राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की विचारधारा और उनके पहनावे को लेकर कुछ सवाल खड़े किए। विपक्ष का आरोप है कि मंत्री ने संघ पर कई आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं। इस पर विपक्ष इतना उग्र हो गया कि प्रश्नकाल के दौरान ही सदन में शोर-शराबा शुरू हो गया। हंगामे को बढ़ता देख विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया को हस्तक्षेप करना पड़ा और उन्होंने सदन की कार्यवाही को कुछ समय के लिए स्थगित कर दिया।
विपक्ष के नेता जयराम ठाकुर ने इस मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए कहा कि राजस्व मंत्री ने गुरुवार को पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव से संबंधित काम रोको प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान विषय से भटककर आरएसएस पर टिप्पणी की थी। जयराम ठाकुर का कहना था कि नेगी ने संघ पर जो गंभीर आरोप लगाए हैं उनका कोई आधार नहीं है और उनके द्वारा इस्तेमाल किए गए शब्द बेहद दुर्भाग्यपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि 1925 में अपने गठन के बाद से ही आरएसएस का राष्ट्र सेवा में बहुत बड़ा योगदान रहा है। जयराम ने यह भी आरोप लगाया कि राजस्व मंत्री सरकार के कामकाज को प्रभावित कर रहे हैं और मुख्यमंत्री भी उन्हें रोकने की स्थिति में नहीं दिखाई देते।
वहीं भाजपा के प्रदेश महामंत्री और राज्यसभा सदस्य सिकंदर कुमार ने भी इस मामले पर तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस देश को विभाजित करने वाली राजनीति कर रही है जबकि आरएसएस राष्ट्र निर्माण में लगा है। सिकंदर कुमार ने आरोप लगाया कि जगत सिंह नेगी संघ और पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के फोबिया से ग्रस्त हैं, इसी वजह से वे लगातार अनर्गल बयानबाजी कर रहे हैं। भाजपा सदस्य विपिन सिंह परमार ने भी कहा कि आरएसएस सदन में मौजूद नहीं है और यह राजनीति की सीढ़ी चढ़ने का माध्यम नहीं है। उन्होंने मुख्यमंत्री को सलाह दी कि वे नेगी को ज्यादा छूट न दें क्योंकि इससे सरकार की छवि खराब हो रही है।
Pls reaD:Himachal: विधानसभा में पक्ष विपक्ष का जोरदार हंगामा आरएसएस पर मंत्री के बयान से गर्माया सदन