देहरादून। राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर शनिवार को देहरादून के पवेलियन ग्राउंड में आयोजित ‘रन फॉर यूनिटी’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रतिभाग किया। उन्होंने दौड़ में शामिल युवाओं को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया और राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता का संदेश दिया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने युवाओं, खिलाड़ियों और प्रांतीय रक्षक दल (पीआरडी) के जवानों के हित में कई घोषणाएं कीं।
मुख्यमंत्री ने पीआरडी जवानों के मानदेय में वृद्धि करने की घोषणा करते हुए कहा कि इस संबंध में जल्द बैठक आयोजित की जाएगी। उन्होंने प्रदेश की प्रत्येक ग्राम पंचायत में मुख्यमंत्री खेल क्लब गठित करने की भी घोषणा की। इसका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में खेल गतिविधियों को बढ़ावा देना और स्थानीय प्रतिभाओं को आगे आने के अवसर उपलब्ध कराना है।
धामी ने देहरादून के आमवाला स्थित युवा केंद्र के पास खाली पड़ी भूमि युवा कल्याण विभाग को हस्तांतरित करने की घोषणा की। इस भूमि पर मिनी स्टेडियम और अग्निवीर प्रशिक्षण केंद्र बनाया जाएगा। इससे युवाओं को खेल सुविधाओं के साथ सेना में भर्ती की तैयारी के लिए प्रशिक्षण का अवसर मिल सकेगा।
मुख्यमंत्री चैंपियनशिप ट्रॉफी में होंगे 50 खेल
मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री चैंपियनशिप ट्रॉफी के तहत आयोजित खेलों की संख्या 32 से बढ़ाकर 50 करने की घोषणा की। इसमें पारंपरिक खेलों को भी शामिल किया जाएगा। इसके साथ ही प्रतियोगिता के आयोजन के लिए निर्धारित कुल धनराशि में वृद्धि की जाएगी।
प्रतियोगिता के विभिन्न स्तरों पर विजेता खिलाड़ियों की पुरस्कार राशि भी बढ़ाई जाएगी। न्याय पंचायत स्तर पर प्रथम पुरस्कार 300 रुपये से बढ़ाकर 400 रुपये, द्वितीय पुरस्कार 200 से 300 रुपये और तृतीय पुरस्कार 150 से 200 रुपये किया जाएगा।
विधानसभा स्तर पर प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार क्रमशः 500, 400 और 300 रुपये से बढ़ाकर 700, 500 और 400 रुपये किए जाएंगे। संसदीय क्षेत्र स्तर पर पुरस्कार राशि क्रमशः 800, 600 और 400 रुपये से बढ़ाकर 1,000, 800 और 600 रुपये होगी। वहीं, राज्य स्तर पर प्रथम पुरस्कार 1,500 से बढ़ाकर 2,000 रुपये, द्वितीय पुरस्कार 1,000 से 1,500 रुपये और तृतीय पुरस्कार 700 से 1,000 रुपये किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने ओवरऑल विजेता जिले को दिए जाने वाले मुख्यमंत्री कप की पुरस्कार राशि भी 5 लाख से बढ़ाकर 10 लाख रुपये करने की घोषणा की।
युवाओं से एकता और नशामुक्ति का आह्वान
मुख्यमंत्री ने सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर उन्हें नमन करते हुए प्रदेशवासियों को राष्ट्रीय एकता दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति और दूरदर्शी नेतृत्व से देश की रियासतों का एकीकरण कर राष्ट्रीय एकता को मजबूत आधार दिया।
धामी ने कहा कि देश की सबसे पहली पहचान भारतीय होना है। यह भावना सभी को आपसी मतभेदों से ऊपर उठकर राष्ट्र की एकता, अखंडता और विकास के लिए मिलकर काम करने की प्रेरणा देती है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 से सरदार पटेल की जयंती को राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाया जा रहा है। गुजरात में निर्मित स्टैच्यू ऑफ यूनिटी उनके योगदान को चिरस्थायी बनाने का प्रयास है।
मुख्यमंत्री ने युवाओं को देश और प्रदेश के विकास की महत्वपूर्ण शक्ति बताते हुए अनुशासन, परिश्रम और दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने खेल, योग और नियमित शारीरिक गतिविधियों को दिनचर्या में शामिल करने तथा नशे से दूर रहने की अपील की। साथ ही नशामुक्त उत्तराखंड के संकल्प को जन-जन तक पहुंचाने का आग्रह किया।
जोशीमठ हेलीकॉप्टर हादसे पर जताया शोक
मुख्यमंत्री ने बदरीनाथ धाम से लौटते समय जोशीमठ क्षेत्र में हुए हेलीकॉप्टर हादसे पर गहरा दुःख व्यक्त किया। उन्होंने हादसे में जान गंवाने वालों को श्रद्धांजलि देते हुए शोक संतप्त परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की। उन्होंने भगवान बदरी विशाल से दिवंगत आत्माओं की शांति और परिजनों को इस कठिन समय में धैर्य प्रदान करने की प्रार्थना की।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी और खजान दास, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, देहरादून के महापौर सौरभ थपलियाल, विधायक बृजभूषण गैरोला, खेल परिषद के अध्यक्ष कुलदीप बुटोला, उपाध्यक्ष हेमराज बिष्ट, विशेष प्रमुख सचिव अमित सिन्हा, खेल निदेशक दीप्ति सिंह सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे।