चम्पावत। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को चम्पावत जिले में लगभग 96 करोड़ रुपये की लागत वाली 16 विकास योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने नवनिर्मित सर्किट हाउस और देवभूमि रजत जयंती पार्क का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने विकासखंड चम्पावत की प्रत्येक ग्राम सभा को स्थानीय विकास कार्यों के लिए 10 लाख रुपये देने, न्याय पंचायतों में सामुदायिक भवन बनाने तथा जिला बार एसोसिएशन में अधिवक्ता चैम्बर, पार्किंग और आधुनिक ई-लाइब्रेरी स्थापित करने की घोषणाएं भी कीं। कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा भी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने कुल 95 करोड़ 99 लाख 98 हजार रुपये की 16 योजनाओं की शुरुआत की। इनमें 67 करोड़ 24 लाख 36 हजार रुपये की लागत वाली 11 योजनाओं का लोकार्पण और 28 करोड़ 75 लाख 62 हजार रुपये की पांच योजनाओं का शिलान्यास शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इन परियोजनाओं से जिले में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार होगा और लोगों को बेहतर जनसुविधाएं मिलेंगी।
आने वाले दशकों की जरूरतों को ध्यान में रखकर विकास
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि चम्पावत को आदर्श जनपद के रूप में विकसित करना राज्य सरकार का लक्ष्य है। इसके लिए अगले 25 से 50 वर्षों की जरूरतों और चुनौतियों को ध्यान में रखकर योजनाबद्ध तरीके से विकास कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि विकास का उद्देश्य केवल निर्माण कार्य कराना नहीं, बल्कि आम नागरिकों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना और उन्हें बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
मुख्यमंत्री के अनुसा,
, जिले में सड़क, परिवहन, पार्किंग, पेयजल, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं को मजबूत किया जा रहा है। कैलाश मानसरोवर यात्रा मार्ग समेत विभिन्न सड़कों को सुगम बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। बाईपास, बहुमंजिला पार्किंग और शॉपिंग कॉम्प्लेक्स जैसी परियोजनाओं पर भी काम हो रहा है। टनकपुर में निर्माणाधीन अंतरराज्यीय बस टर्मिनल (आईएसबीटी) से परिवहन सुविधाओं का विस्तार होने की उम्मीद है।
उन्होंने बताया कि जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए करीब 66 करोड़ रुपये की लागत का ड्रेनेज प्लान तैयार किया गया है। इसके साथ ही विद्युत लाइनों को भूमिगत करने और दूरस्थ क्षेत्रों में संचार सुविधाएं बढ़ाने पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
हर ग्राम सभा को मिलेंगे 10 लाख रुपये
मुख्यमंत्री ने विकासखंड चम्पावत की प्रत्येक ग्राम सभा को स्थानीय जरूरतों के अनुरूप विकास कार्य कराने के लिए 10 लाख रुपये उपलब्ध कराने की घोषणा की। इस राशि का उपयोग पुस्तकालयों, सड़कों, आजीविका संवर्धन, आंगनबाड़ी केंद्रों के उन्नयन और अन्य जनहितकारी कार्यों में किया जा सकेगा।
इसके अलावा, न्याय पंचायतों में सामुदायिक उपयोग के लिए सामुदायिक भवनों का निर्माण किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने जिला बार एसोसिएशन के लिए अधिवक्ता चैम्बर, वाहन पार्किंग और आधुनिक ई-लाइब्रेरी स्थापित करने की घोषणा भी की। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता न्याय व्यवस्था के महत्वपूर्ण स्तंभ हैं और आम नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा में उनकी अहम भूमिका है।
देवभूमि रजत जयंती पार्क का लोकार्पण
मुख्यमंत्री ने 1.37 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित देवभूमि रजत जयंती पार्क का भी लोकार्पण किया। इस दौरान उन्होंने पार्क में खेल रहे बच्चों को चॉकलेट बांटी और स्थानीय नागरिकों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। इससे पहले उन्होंने पूजा-अर्चना के बाद नवनिर्मित सर्किट हाउस का लोकार्पण किया।
अपने दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने जनप्रतिनिधियों, महिला समूहों, आंगनबाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं, पीआरडी जवानों, रोडवेज कर्मचारियों, पशुपालकों, राज्य आंदोलनकारियों, पूर्व सैनिकों और सहकारिता क्षेत्र से जुड़े प्रतिनिधियों से भी बातचीत की। उन्होंने विभिन्न संगठनों और मीडिया प्रतिनिधियों के सुझाव सुने तथा लोगों की समस्याओं के समाधान को सरकार की प्राथमिकता बताया।
जनता से संवाद और विकास योजनाओं पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि चम्पावत की सांस्कृतिक विरासत, आध्यात्मिक महत्व और प्राकृतिक सुंदरता उसे विशिष्ट पहचान देते हैं। सरकार का प्रयास है कि पर्यटन, रोजगार और आजीविका के अवसर बढ़ाने के साथ स्थानीय जरूरतों के अनुसार विकास योजनाएं आगे बढ़ाई जाएं।
कार्यक्रम में जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अधिकारी और अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे। मुख्यमंत्री के दौरे में विकास योजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास के साथ ग्राम सभाओं, न्याय पंचायतों और जिला बार एसोसिएशन के लिए की गई घोषणाएं प्रमुख रहीं। इन घोषणाओं के क्रियान्वयन और संबंधित परियोजनाओं की प्रगति पर अब ध्यान रहेगा।