Punjab: पंजाब में खेलों की नई क्रांति मुख्यमंत्री भगवंत मान ने किया 509 आधुनिक ग्रामीण खेल मैदानों का उद्घाटन

पटियाला। पंजाब को एक बार फिर खेलों में देश का अग्रणी राज्य बनाने और युवाओं को नशे की दलदल से बाहर निकालने के लिए राज्य सरकार ने एक बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पटियाला जिले के गांव देधना से राज्य के विभिन्न जिलों में तैयार किए गए 509 आधुनिक ‘ग्रामीण खेल मैदानों’ का डिजिटल माध्यम से उद्घाटन किया। इस नई शुरुआत के साथ ही अब राज्य के गांवों में युवाओं को समर्पित कुल खेल मैदानों की संख्या बढ़कर 734 हो गई है।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी सरकार का लक्ष्य प्रत्येक गांव के युवा को विश्व स्तरीय खेल सुविधाएं उपलब्ध करवाना है। उन्होंने ‘नशों से दूर रहने और खेलों से जुड़ने’ के संकल्प को दोहराते हुए कहा कि यह मैदान केवल खेलने की जगह नहीं, बल्कि नशों के खिलाफ छिड़ी जंग में एक मजबूत हथियार साबित होंगे।

खेल बजट और बुनियादी ढांचे पर निवेश

पंजाब सरकार ने खेल संस्कृति को जमीनी स्तर पर पुनर्जीवित करने के लिए इस वर्ष 1,744 करोड़ रुपये का विशाल खेल बजट आवंटित किया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि इस बजट में से 1,500 करोड़ रुपये का उपयोग केवल ग्रामीण खेल मैदानों के विकास के लिए किया जा रहा है। सरकार की योजना इस वर्ष के अंत तक राज्य भर में कुल 3,100 आधुनिक खेल मैदान तैयार करने की है। इसके साथ ही गांवों में 6,000 आधुनिक जिम स्थापित करने का काम भी तेजी से चल रहा है, जिनमें से 500 जिम पहले ही शुरू किए जा चुके हैं।

जिलों के अनुसार खेल मैदानों का वितरण

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि दूसरे चरण के तहत जिन 509 मैदानों को जनता को समर्पित किया गया है, उनका वितरण रणनीतिक रूप से किया गया है ताकि हर जिले के युवाओं को इसका लाभ मिले:

जिला नवनिर्मित खेल मैदानों की संख्या
लुधियाना 43
मानसा 41
संगरूर 36
पटियाला और बठिंडा 34-34
श्री मुक्तसर साहिब 33
अमृतसर 32

मैदानों में आधुनिक सुविधाएं और पर्यावरण संरक्षण

इन ग्रामीण खेल मैदानों को केवल पारंपरिक मैदानों तक सीमित नहीं रखा गया है, बल्कि इन्हें आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है। रात के समय भी खेल गतिविधियां जारी रह सकें, इसके लिए मैदानों में हाई-मास्ट (बड़ी) लाइटें लगाई गई हैं। इसके अलावा वॉकिंग ट्रैक, फुटलाइटें और सुरक्षा के लिए मजबूत जालियों वाली बाड़ लगाई गई है। पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक मैदान के चारों ओर बड़े पैमाने पर पौधे भी लगाए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने बताया कि गांवों में जो भी खेल अधिक लोकप्रिय है, वहां उसी खेल से जुड़ी विशेष किट और सामग्री उपलब्ध करवाई जा रही है। इन मैदानों में वॉलीबॉल, फुटबॉल, क्रिकेट और अन्य पारंपरिक खेलों के लिए अलग-अलग हिस्से तैयार किए गए हैं। साथ ही बुजुर्गों और बच्चों के मनोरंजन के लिए झूले और अन्य सुविधाएं भी दी गई हैं।

आगामी खेल आयोजन और प्रोत्साहन

पंजाब सरकार ने वर्ष 2026 को पूरी तरह खेलों और खिलाड़ियों के लिए समर्पित किया है। मुख्यमंत्री ने आगामी बड़े आयोजनों का विवरण साझा करते हुए बताया कि:

  • खेडां वतन पंजाब दियां: इसका चौथा सीजन 5 सितंबर से बठिंडा से शुरू होगा, जिसमें 10 लाख से अधिक खिलाड़ियों के शामिल होने की उम्मीद है।

  • हॉकी एशियन चैंपियंस ट्रॉफी: पंजाब पहली बार इस बड़े टूर्नामेंट की मेजबानी अक्टूबर-नवंबर में जालंधर और मोहाली में करेगा।

  • टी-20 क्रिकेट लीग: आईपीएल की तर्ज पर 30 अगस्त से 13 सितंबर तक मोहाली के पीसीए स्टेडियम में क्रिकेट लीग का आयोजन होगा।

खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए सरकार ने नकद पुरस्कारों और सरकारी नौकरियों की व्यवस्था भी की है। अब तक 40,415 खिलाड़ियों को 135 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि दी जा चुकी है। ओलंपिक की तैयारी के लिए खिलाड़ियों को 15 लाख रुपये और एशियाई खेलों के लिए 8 लाख रुपये की अग्रिम सहायता दी जा रही है। हाल ही में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मेडल जीतने वाले 11 खिलाड़ियों को राज्य सरकार ने पीसीएस और डीएसपी जैसे उच्च पदों पर नियुक्त किया है। कार्यक्रम के दौरान कैबिनेट मंत्री तरुनप्रीत सिंह सौंद और डॉ. बलबीर सिंह भी उपस्थित थे।

 

Pls read:Punjab: बंदी सिखों की रिहाई के लिए पंजाब बंद का व्यापक असर सुरक्षा के कड़े इंतजाम और कई संगठनों का समर्थन

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *