Uttarakhand: खाई में गिरा अनियंत्रित ट्रैक्टर ट्रॉला और दो युवकों की दर्दनाक मौत से मचा हड़कंप

अल्मोड़ा। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में सड़क हादसों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। अल्मोड़ा जनपद के कफड़खान-सिरकोट-शैल मोटरमार्ग पर शुक्रवार को एक और हृदयविदारक घटना सामने आई है। यहाँ एक अनियंत्रित ट्रैक्टर ट्रॉला सड़क से नीचे गहरी खाई में जा गिरा, जिससे उसमें सवार दो युवकों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है और स्थानीय लोग गहरे सदमे में हैं।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, हादसा कफड़खान-सिरकोट-शैल मोटरमार्ग पर ग्राम गधोली (सुंदरपुर के समीप) के पास घटित हुआ। शुक्रवार को ट्रैक्टर ट्रॉला संख्या यूके 02-सीए 0073 इस मार्ग से गुजर रहा था। जब वाहन गधोली के पास पहुँचा, तो अचानक चालक ने वाहन पर से अपना नियंत्रण खो दिया। अनियंत्रित होकर ट्रैक्टर ट्रॉला सीधे सड़क से करीब 100 मीटर नीचे गहरी खाई में जा गिरा। पहाड़ी ढलान होने के कारण वाहन कई बार पलटते हुए नीचे खाई में समा गया, जिससे उसके परखच्चे उड़ गए।

हादसे की भयावहता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि वाहन के खाई में गिरने की आवाज सुनते ही आसपास के ग्रामीण तुरंत घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े। जब लोग मौके पर पहुँचे, तो ट्रैक्टर ट्रॉला मलबे के ढेर में तब्दील हो चुका था। वाहन में सवार दोनों युवक गंभीर चोटों के कारण अचेत अवस्था में थे। ग्रामीणों ने तुरंत इस घटना की सूचना स्थानीय पुलिस को दी।

पुलिस टीम सूचना मिलते ही दलबल के साथ मौके पर पहुँची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों और गहरी खाई होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी चुनौतियों का सामना करना पड़ा। पुलिस ने स्थानीय ग्रामीणों के सहयोग से कड़ी मशक्कत के बाद खाई में गिरे दोनों युवकों तक पहुँच बनाई, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। दोनों युवकों के शरीर में कोई हलचल नहीं थी और उन्होंने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया था।

मृतकों की पहचान चत्ते राजी और उमेश के रूप में की गई है। 26 वर्षीय चत्ते राजी, गंगा राम का पुत्र था और वह मूल रूप से नेपाल के कैलाली जिले का रहने वाला था। वहीं, 22 वर्षीय उमेश, रमेश का पुत्र था और वह उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले के अजीतपुर का निवासी था। ये दोनों युवक काम के सिलसिले में इस क्षेत्र में आए हुए थे। पुलिस ने शवों को खाई से बाहर निकालने के बाद उन्हें एंबुलेंस के माध्यम से बेस अस्पताल भिजवाया।

पुलिस अब इस हादसे के कारणों की विस्तृत जांच कर रही है। प्रारंभिक तौर पर यह माना जा रहा है कि ढलान और तीखे मोड़ पर चालक द्वारा संतुलन खो देने के कारण यह हादसा हुआ। पुलिस ने मृतकों के परिजनों को इस दुखद घटना की सूचना दे दी है और शवों का पंचायतनामा भरने के साथ ही आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

इस दुर्घटना के बाद क्षेत्र में मातम पसरा हुआ है। स्थानीय निवासियों ने पहाड़ी मार्गों पर बढ़ती दुर्घटनाओं को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की है। ग्रामीणों का कहना है कि इन मार्गों पर सुरक्षा मानकों की कमी और संकरी सड़कों के कारण आए दिन ऐसे हादसे होते रहते हैं। फिलहाल, पुलिस और प्रशासन इस मामले में आगे की जांच में जुटे हैं, ताकि हादसे की वास्तविक वजह का पता लगाया जा सके। दो युवा जिंदगियों के इस तरह असमय चले जाने से सुंदरपुर और आसपास के गांवों में उदासी का माहौल है।

 

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