नई दिल्ली। मध्य पूर्व में जारी संघर्ष अब एक बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। अमेरिका द्वारा ईरान के महत्वपूर्ण पुल को निशाना बनाए जाने के बाद तेहरान ने जवाबी कार्यवाही करते हुए खाड़ी देशों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। ताजा घटनाक्रम में ईरान ने कुवैत की प्रमुख मीना अल-अहमदी तेल रिफाइनरी पर भीषण ड्रोन हमला किया है, जिससे वहां कई इकाइयों में आग लग गई है।
शुक्रवार की सुबह हुए इस ड्रोन हमले के बाद रिफाइनरी की परिचालन इकाइयों से आग की ऊंची लपटें उठने लगीं। कुवैत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन ने हमले की पुष्टि करते हुए बताया कि सूचना मिलते ही आपातकालीन टीमें और दमकल विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंच गए हैं। फिलहाल स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू किए गए हैं और आग बुझाने का काम युद्धस्तर पर जारी है। चूंकि यह रिफाइनरी कुवैत के सबसे बड़े तेल प्रसंस्करण केंद्रों में से एक है, इसलिए इस हमले का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय तेल आपूर्ति श्रृंखला पर पड़ने की गंभीर आशंका जताई जा रही है।
ईरान ने पहले ही चेतावनी दी थी कि वह खाड़ी देशों के आठ प्रमुख पुलों को अपना निशाना बनाएगा। तेहरान का कहना है कि यह कार्यवाही अमेरिका और इजरायल द्वारा उसके औद्योगिक संयंत्रों पर किए गए पिछले हमलों का जवाब है। ईरान ने दावा किया है कि उसके ताजा हमलों में संयुक्त अरब अमीरात, बहरीन और इजरायल के कई महत्वपूर्ण ठिकाने शामिल हैं।
दूसरी ओर, सऊदी अरब ने भी ईरानी खतरों के बीच सक्रियता बढ़ा दी है। सऊदी रक्षा मंत्रालय के अनुसार, उनकी सेना ने ईरान की ओर से भेजे गए पांच ड्रोनों को इंटरसेप्ट कर हवा में ही नष्ट कर दिया है। इजरायल में भी स्थिति अत्यंत तनावपूर्ण बनी हुई है। तेल अवीव सहित कई इलाकों में संभावित हवाई हमलों के सायरन बज रहे हैं और नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है। इजरायली सेना का एयर डिफेंस सिस्टम ईरान की ओर से दागी गई मिसाइलों को रोकने के लिए सक्रिय मोड पर है।
यह युद्ध अब केवल दो देशों के बीच न रहकर पूरे क्षेत्र के लिए संकट बन गया है। डोनाल्ड ट्रंप की नई धमकियों और ईरान की आक्रामक जवाबी कार्यवाही ने वैश्विक स्तर पर चिंता बढ़ा दी है। तेल क्षेत्रों को निशाना बनाए जाने से दुनिया भर में ऊर्जा संकट गहराने का खतरा पैदा हो गया है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय इस पूरे घटनाक्रम पर पैनी नजर बनाए हुए है, क्योंकि संघर्ष का यह विस्तार खाड़ी देशों की स्थिरता को पूरी तरह हिला सकता है।
Pls reaD:Iran: इजरायल ने ईरान के चार हजार ठिकानों पर किया हमला और मची तबाही