बरनाला। पंजाब के बरनाला स्थित अनाज मंडी में कांग्रेस की ओर से आयोजित “मनरेगा मजदूर किसान बचाओ” रैली के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इस महत्वपूर्ण जनसभा को संबोधित करने के लिए लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी दोपहर तक कार्यक्रम स्थल पर पहुंचेंगे। उनके साथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी मंच साझा करेंगे, जो पार्टी की एकजुटता और भविष्य की राजनीतिक दिशा का संदेश देंगे। सुबह से ही रैली स्थल पर भव्य पंडाल सज चुका है और पार्टी कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है।
हालांकि शुरुआती घंटों में भीड़ उम्मीद से कम नजर आई, लेकिन स्थानीय और राज्य स्तरीय कांग्रेस नेताओं का दावा है कि गांवों से कार्यकर्ताओं और समर्थकों के आने का सिलसिला तेज हो गया है। रैली को सफल बनाने के लिए पंजाब कांग्रेस ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। इस मंच के माध्यम से राहुल गांधी केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों पर तीखा हमला बोल सकते हैं। उनके संबोधन के केंद्र में मनरेगा कानून में किए जा रहे संभावित बदलाव, मजदूरों के गिरते अधिकार और किसानों की ज्वलंत समस्याएं रहने की उम्मीद है।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, कांग्रेस भारत और अमेरिका के बीच होने वाली संभावित व्यापारिक संधि को लेकर भी अपनी कड़ी आपत्तियां दर्ज कराएगी। कांग्रेस का तर्क है कि इस तरह की अंतरराष्ट्रीय संधियां भारतीय मजदूरों और छोटे किसानों के आर्थिक हितों पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकती हैं। राहुल गांधी इन मुद्दों को उठाकर समाज के निचले तबके के बीच अपनी पैठ मजबूत करने का प्रयास करेंगे।
राजनीतिक विश्लेषकों की दृष्टि में बरनाला की यह रैली महज एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि इसे 2027 के पंजाब विधानसभा चुनावों के लिए कांग्रेस के रणनीतिक आगाज के रूप में देखा जा रहा है। साल 2024 के उपचुनाव में बरनाला सीट पर कांग्रेस की जीत ने राज्य के राजनीतिक समीकरणों को बदल दिया था। अब पार्टी उसी सफलता को आधार बनाकर अपनी जमीन और मजबूत करना चाहती है ताकि सत्ताधारी आम आदमी पार्टी के लिए बड़ी चुनौती पेश की जा सके।
राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे की मौजूदगी को देखते हुए सुरक्षा के अत्यंत कड़े इंतजाम किए गए हैं। पुलिस और जिला प्रशासन ने रैली स्थल तथा आसपास के पूरे क्षेत्र में कड़ी निगरानी व्यवस्था लागू की है। सुरक्षा की दृष्टि से कार्यक्रम स्थल के सभी प्रवेश द्वारों पर सघन चेकिंग की जा रही है। आम जनता को परेशानी न हो, इसके लिए शहर के ट्रैफिक रूट भी डायवर्ट किए गए हैं। बरनाला में इस रैली को लेकर सियासी पारा चढ़ा हुआ है और पूरे राज्य की नजरें राहुल गांधी के बयानों पर टिकी हैं।