चंडीगढ़, 21 जुलाई। पंजाब की वर्तमान सरकार ने महिलाओं के कल्याण और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से शुरू की गई मुफ्त बस यात्रा योजना के वित्तीय आंकड़े सार्वजनिक किए हैं। वित्त वर्ष 2026-27 के दौरान अब तक इस योजना पर राज्य सरकार की ओर से 298 करोड़ रुपये की राशि व्यय की जा चुकी है। सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री बलजीत कौर ने इन आंकड़ों की पुष्टि करते हुए बताया कि राज्य में यह योजना अत्यधिक सफल साबित हो रही है। उन्होंने कहा कि हर महीने महिलाएं लगभग 1.20 करोड़ बार मुफ्त बस यात्रा की सुविधा का लाभ उठा रही हैं, जो इस योजना की व्यापक पहुंच और लोकप्रियता को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।
आर्थिक सशक्तिकरण और घटता वित्तीय बोझ
बलजीत कौर के अनुसार, भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार का मुख्य लक्ष्य महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूती प्रदान करना है। मुफ्त बस यात्रा की इस सुविधा ने मध्यम और निम्न आय वर्ग की महिलाओं के दैनिक जीवन में बड़े बदलाव किए हैं। अब महिलाओं को अपने निजी या व्यावसायिक कार्यों के लिए यात्रा करते समय किराए की चिंता नहीं करनी पड़ती, जिससे उनका मासिक आर्थिक बोझ काफी हद तक कम हुआ है। सरकार का मानना है कि जब महिलाओं के यात्रा खर्च में बचत होती है, तो उस धन का उपयोग वे अपने परिवार की अन्य प्राथमिकताओं और बच्चों की बेहतर परवरिश के लिए कर पाती हैं।
शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के खुले नए अवसर
इस योजना का सबसे सकारात्मक प्रभाव महिलाओं की गतिशीलता पर पड़ा है। परिवहन की मुफ्त सुविधा मिलने से महिलाएं अब शिक्षा, बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं और रोजगार के अवसरों तक अधिक सुगमता से पहुंच पा रही हैं। कई कामकाजी महिलाएं और छात्राएं, जो पहले किराए की अधिक लागत के कारण दूर-दराज के क्षेत्रों में जाने से कतराती थीं, अब आत्मविश्वास के साथ अपने गंतव्य तक पहुंच रही हैं। बलजीत कौर ने स्पष्ट किया कि पंजाब सरकार महिलाओं को समाज की मुख्यधारा में लाने के लिए उन्हें हर संभव अवसर और संसाधन उपलब्ध कराने के लिए वचनबद्ध है।
सरकारी बसों में सुरक्षित और विश्वसनीय सफर
राज्य सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि मुफ्त यात्रा की यह विशेष सुविधा केवल सरकारी बसों में ही उपलब्ध रहे। इसके पीछे का उद्देश्य महिलाओं को एक सुरक्षित, विश्वसनीय और सुविधाजनक सार्वजनिक परिवहन तंत्र प्रदान करना है। सरकारी बसों में यात्रा करने से महिलाओं के भीतर सुरक्षा की भावना प्रबल हुई है, जिससे उनका सामाजिक और आर्थिक गतिविधियों में भाग लेना पहले के मुकाबले काफी बढ़ गया है। यह योजना न केवल महिलाओं के आवागमन को सुगम बना रही है, बल्कि उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
भविष्य की योजनाएं और सरकार की प्रतिबद्धता
बलजीत कौर ने इस अवसर पर दोहराया कि पंजाब सरकार भविष्य में भी महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए इसी प्रकार की जनहितकारी योजनाओं को जारी रखेगी। प्रशासन का मानना है कि एक सशक्त महिला ही एक सशक्त समाज की नींव रखती है। 298 करोड़ रुपये का यह निवेश केवल परिवहन पर किया गया खर्च नहीं है, बल्कि यह राज्य की महिलाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए किया गया एक निवेश है। सरकार लगातार इस योजना की निगरानी कर रही है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि प्रदेश की हर पात्र महिला को इस सुविधा का लाभ बिना किसी बाधा के मिलता रहे।