पिथौरागढ़। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने पिथौरागढ़ भ्रमण के दौरान जनपद के युवाओं और खेल प्रेमियों को एक बड़ी सौगात दी है। धामी ने सुरेन्द्र सिंह वल्दिया स्टेडियम पहुंचकर वहां नवनिर्मित और उच्चीकृत क्रिकेट मैदान का विधिवत लोकार्पण किया। इस मैदान को जनपदवासियों को समर्पित करते हुए मुख्यमंत्री ने राज्य में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
लोकार्पण के दौरान मुख्यमंत्री का एक बेहद उत्साहपूर्ण और आत्मीय अंदाज देखने को मिला। क्रिकेट पिच का औपचारिक उद्घाटन करने के लिए धामी स्वयं बल्लेबाजी करने मैदान पर उतरे। उन्होंने खिलाड़ियों के बीच जाकर छह गेंदों का एक पूरा ओवर खेला और अपने शॉट से वहां मौजूद युवाओं का उत्साहवर्धन किया। मुख्यमंत्री को अपने बीच पाकर खिलाड़ी बेहद उत्साहित नजर आए। क्रिकेट के बाद धामी ने फुटबॉल और हॉकी के मैदान में भी शिरकत की और खिलाड़ियों के साथ इन खेल गतिविधियों में भाग लेकर उनकी टीम भावना को सराहा।
खिलाड़ियों और युवाओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि खेल केवल शारीरिक विकास का जरिया नहीं हैं, बल्कि ये जीवन में अनुशासन, आत्मविश्वास और टीम वर्क जैसे गुणों को विकसित करने का सबसे सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि खेल के मैदान से सीखा गया अनुशासन जीवन की हर चुनौती का सामना करने में सहायक सिद्ध होता है। इस अवसर पर उन्होंने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 9 खिलाड़ियों को सम्मानित कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में मुख्यमंत्री ने स्टेडियम में मौजूद समस्त युवाओं को नशे के खिलाफ शपथ दिलाई। उन्होंने युवाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि नशा न केवल स्वास्थ्य को बर्बाद करता है, बल्कि पूरे भविष्य को अंधकार में धकेल देता है। धामी ने आह्वान किया कि उत्तराखंड के युवा नशे जैसी सामाजिक बुराई से दूर रहकर खेलों और सकारात्मक गतिविधियों से जुड़ें। उन्होंने राज्य में चल रहे नशा मुक्ति अभियान में युवाओं की सक्रिय भागीदारी की आवश्यकता पर जोर दिया और कहा कि खेलों के माध्यम से एक स्वस्थ और सकारात्मक सोच वाले समाज का निर्माण संभव है।
राज्य सरकार की नीतियों की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड को खेलों के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने के लिए नई खेल नीति लागू की गई है। इस नीति के माध्यम से उदीयमान खिलाड़ियों को प्रशिक्षण, आर्थिक सहायता और बेहतर संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने ‘खेल महाकुंभ’ का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि इस आयोजन ने ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों की छिपी हुई प्रतिभाओं को एक राष्ट्रीय स्तर का मंच प्रदान किया है। सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश का हर प्रतिभावान खिलाड़ी अपनी क्षमता के अनुरूप राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर राज्य का नाम रोशन कर सके।
पिथौरागढ़ में खेल सुविधाओं के विस्तार पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने एक बड़ी घोषणा की। उन्होंने कहा कि इस नवनिर्मित क्रिकेट मैदान में चारों ओर जल्द ही फ्लड लाइट की व्यवस्था की जाएगी, ताकि खिलाड़ियों को अभ्यास के लिए आधुनिक सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि खेल अधोसंरचना को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए निरंतर कार्य किया जाए। इस कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ-साथ शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में खेल प्रेमी व खिलाड़ी उपस्थित रहे।
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