Uttarakhand: केंद्र सरकार ने उत्तराखंड को दी बड़ी राहत, मुख्यमंत्री की पहल पर मिली 150 मेगावाट अतिरिक्त बिजली – The Hill News

Uttarakhand: केंद्र सरकार ने उत्तराखंड को दी बड़ी राहत, मुख्यमंत्री की पहल पर मिली 150 मेगावाट अतिरिक्त बिजली

नई दिल्ली/देहरादून। उत्तराखंड में बिजली की बढ़ती जरूरतों और गर्मी के मौसम में
संभावित संकट को देखते हुए केंद्र सरकार ने राज्य के हित में एक बड़ा निर्णय
लिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विशेष आग्रह और प्रभावी पैरवी को
स्वीकार करते हुए भारत सरकार के विद्युत मंत्रालय ने उत्तराखंड को
अतिरिक्त बिजली आवंटित करने की मंजूरी दे दी है। इस फैसले से राज्य में
ऊर्जा की मांग और आपूर्ति के बीच के अंतर को कम करने में बड़ी मदद मिलेगी।

भारत सरकार के विद्युत मंत्रालय द्वारा जारी किए गए आदेश के अनुसार, उत्तराखंड को
पश्चिमी क्षेत्र के अनआवंटित बिजली पूल (Unallocated Power Pool) से 150
मेगावाट अतिरिक्त बिजली प्रदान की जाएगी। पुष्कर सिंह धामी ने राज्य
में बिजली की किल्लत न हो, इसके लिए केंद्र सरकार से अतिरिक्त बिजली उपलब्ध कराने
का अनुरोध किया था। मंत्रालय ने इस अनुरोध पर सहानुभूतिपूर्वक विचार करते हुए राज्य
को यह बड़ी राहत प्रदान की है।

यह नया बिजली आवंटन 1 मई 2026 से प्रभावी हो गया है और यह आगामी 30 जून 2026 तक
जारी रहेगा। मई और जून के ये दो महीने उत्तराखंड के लिए बिजली की मांग के
लिहाज से बेहद चुनौतीपूर्ण होते हैं। इस दौरान न केवल भीषण गर्मी के कारण घरेलू
खपत बढ़ती है, बल्कि चारधाम यात्रा और पर्यटन सीजन के चरम पर होने की वजह से
व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और होटलों में भी बिजली की मांग में भारी
उछाल आता है। ऐसे में केंद्र से मिली यह 150 मेगावाट अतिरिक्त बिजली राज्य की
विद्युत प्रणाली को मजबूती प्रदान करेगी।

मंत्रालय के इस निर्णय से उत्तराखंड के आम उपभोक्ताओं को सबसे अधिक लाभ होने वाला
है। अतिरिक्त बिजली मिलने से अब राज्य में अघोषित बिजली कटौती की संभावना कम हो
जाएगी और लोगों को निर्बाध विद्युत आपूर्ति मिल सकेगी। पुष्कर सिंह धामी द्वारा की
गई इस पहल का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि राज्य के नागरिकों, व्यापारियों
और पर्यटकों को ऊर्जा संकट के कारण किसी भी तरह की असुविधा का सामना न करना
पड़े।

विद्युत मंत्रालय का यह कदम राज्य की ऊर्जा सुरक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील
का पत्थर साबित होगा। पश्चिमी क्षेत्र के पूल से प्राप्त होने वाली यह अतिरिक्त
ऊर्जा 30 जून तक राज्य की आपूर्ति व्यवस्था को स्थिर रखेगी। मुख्यमंत्री के इस
सफल प्रयास से राज्य के औद्योगिक क्षेत्रों को भी राहत मिलेगी, जहाँ बिजली की
निरंतर उपलब्धता उत्पादन के लिए आवश्यक है। कुल मिलाकर, केंद्र सरकार का यह
सहयोग उत्तराखंड के उपभोक्ताओं को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण बिजली सेवा सुनिश्चित
करने में निर्णायक भूमिका निभाएगा।

 

Pls read:Uttarakhand: मानसून से पहले चारधाम यात्रा मार्गों को दुरुस्त करने के लिए मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने दिए सख्त निर्देश

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *