काशीपुर। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को काशीपुर स्थित प्रसिद्ध मां बाल सुंदरी मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना की। उन्होंने प्रदेश की सुख-शांति और चहुंमुखी विकास की कामना करते हुए मंदिर प्रांगण में भजन संध्या का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने चैती मेला कोष की सहायता से मंदिर के सौंदर्यीकरण और परिसर के विस्तार की बड़ी घोषणा की।
धामी ने श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए कहा कि चैती मेला केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि प्रदेश की लोक आस्था और गौरवशाली परंपराओं का जीवंत महोत्सव है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह भव्य आयोजन क्षेत्र में व्यापार, पर्यटन और रोजगार के नए अवसर पैदा करेगा। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार चैती मंदिर को ‘मानसखंड कॉरिडोर’ से जोड़कर इसे एक प्रमुख आध्यात्मिक केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि काशीपुर की पहचान औद्योगिक नगर के साथ-साथ आस्था की नगरी के रूप में भी स्थापित हो सके।
काशीपुर के औद्योगिक और बुनियादी ढांचे के विकास पर चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का विवरण दिया। उन्होंने बताया कि काशीपुर में 133 एकड़ में ‘इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर पार्क’ विकसित किया जा रहा है, जिसमें 16 औद्योगिक इकाइयां आवंटित हो चुकी हैं। इसके अलावा, काशीपुर-रामनगर राजमार्ग को फोर लेन बनाने के लिए 494 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। शहर में पेयजल, सीवरेज और सड़क सुधार कार्यों के लिए लगभग 1,950 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के लिए 1100 करोड़ रुपये का औद्योगिक हब और 100 करोड़ रुपये का ‘अरोमा पार्क’ भी बनाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए कहा कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य है जहां समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू की गई है। उन्होंने भ्रष्टाचार और नकल माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात करते हुए बताया कि ‘नकल विरोधी कानून’ के चलते पिछले साढ़े चार वर्षों में 32 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां मिली हैं, जो पिछली सरकारों की तुलना में चार गुना अधिक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार उत्तराखंड की संस्कृति और सामाजिक संतुलन की रक्षा के लिए धर्मांतरण और दंगा विरोधी जैसे कड़े कानून लेकर आई है।
इस कार्यक्रम के दौरान कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, विधायक त्रिलोक सिंह चीमा, शिव अरोरा, जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, मेयर दीपक बाली, बलराज पासी, विनय रुहेला, हरभजन सिंह चीमा, डॉ. शैलेन्द्र मोहन सिंघल, ऊषा चौधरी और जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया सहित अनेक अधिकारी और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। धामी ने अंत में दोहराया कि काशीपुर में जाम की समस्या से मुक्ति दिलाने के लिए ओवरब्रिज और सड़कों के चौड़ीकरण का कार्य भी तेजी से किया जा रहा है।