देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड की गौरव और अंतरराष्ट्रीय महिला बॉडीबिल्डर प्रतिभा थपलियाल को उनकी शानदार खेल उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने उन्हें शॉल ओढ़ाकर और स्मृति चिन्ह भेंट कर उनके जज्बे की सराहना की। थपलियाल ने हाल ही में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बॉडीबिल्डिंग के क्षेत्र में राज्य का नाम रोशन किया है, जिसे मुख्यमंत्री ने प्रदेश की मातृशक्ति के लिए एक बड़ी प्रेरणा बताया।
सम्मान समारोह के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रतिभा थपलियाल की सफलता महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक सशक्त उदाहरण है। उन्होंने कहा कि प्रतिभा की इन उपलब्धियों से उत्तराखंड की बेटियों, विशेषकर दूरस्थ पर्वतीय क्षेत्रों में रहने वाली बालिकाओं को खेलों और अन्य चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में अपना करियर बनाने का साहस मिलेगा। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि उत्तराखंड की मातृशक्ति हमेशा से समाज और संस्कृति की धुरी रही है, और अब वे अंतरराष्ट्रीय खेल जगत में भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रही हैं।
मुख्यमंत्री धामी ने प्रतिभा थपलियाल के संघर्ष और समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार ऐसी प्रतिभाशाली महिलाओं को उचित सम्मान और अवसर देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने घोषणा की कि जो महिलाएं विभिन्न क्षेत्रों में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रही हैं, उन्हें राजकीय सेवा में अवसर प्रदान करने का प्रयास किया जाएगा। इससे न केवल उनके भविष्य को सुरक्षा मिलेगी, बल्कि वे समाज के लिए भी एक स्थायी प्रेरणा स्रोत बन सकेंगी।
प्रतिभा थपलियाल का खेल करियर उपलब्धियों से भरा रहा है। 43 वर्षीय प्रतिभा ने वर्ष 2023 में राष्ट्रीय बॉडीबिल्डिंग चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक और एशियाई चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतकर अपनी धाक जमाई थी। हाल ही में 9 फरवरी 2026 को तेलंगाना के करीमनगर में आयोजित राष्ट्रीय महिला बॉडीबिल्डिंग प्रतियोगिता में भी उन्होंने स्वर्ण पदक जीतकर एक बार फिर प्रदेश का गौरव बढ़ाया है। वे विश्व और एशिया चैंपियनशिप में पदक जीतने वाली देश की प्रमुख महिला बॉडीबिल्डर्स में शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने अंत में कहा कि उत्तराखंड की भूमि मातृप्रधान है और यहाँ की महिलाओं ने पर्यावरण संरक्षण से लेकर सुशासन तक हर क्षेत्र में दुनिया को राह दिखाई है। सरकार महिला खिलाड़ियों को हर संभव आर्थिक और ढांचागत सहयोग प्रदान करेगी ताकि वे बिना किसी बाधा के अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें। इस अवसर पर राज्य आंदोलनकारी रविंद्र जुगरान भी मौजूद रहे, जिन्होंने प्रतिभा की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त की।