Punjab: मैरीटोरियस स्कूलों के 15 विद्यार्थियों का एमएनसी में चयन; अमन अरोड़ा ने विद्यार्थियों को लैपटॉप देकर किया सम्मान – The Hill News

Punjab: मैरीटोरियस स्कूलों के 15 विद्यार्थियों का एमएनसी में चयन; अमन अरोड़ा ने विद्यार्थियों को लैपटॉप देकर किया सम्मान

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  • एच. सी. एल. के एक वर्ष के टेक बी प्रोग्राम को सफलतापूर्वक पूरा करने के बाद, इन विद्यार्थियों की एम. एन. सी. में होगी भर्ती
  • चुने गए विद्यार्थियों को प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटियों बी. आई. टी. एस. पिलानी, एमिटी यूनिवर्सिटी, आई. आई. एम. नागपुर से उच्च शिक्षा लेने का भी मिलेगा मौका

चंडीगढ़, 16 अगस्तः
मल्टी- नेशनल कंपनी (एम.एन.सी.) के लिए चुने जाने पर राज्य के मैरीटोरियस स्कूल के विद्यार्थियों की हौसला-अफ़ज़ायी करते हुये पंजाब के रोज़गार उत्पत्ति, कौशल विकास और प्रशिक्षण मंत्री श्री अमन अरोड़ा ने आज यहाँ पंजाब कौशल विकास मिशन के दफ़्तर में 15 उम्मीदवारों को ऑफर लेटर और लैपटॉप सौंपे। एच. सी. एल. के टेक बी प्रोग्राम के लिए चुने गए इन 15 विद्यार्थियों का चयन मोहाली, बठिंडा, पटियाला, संगरूर, फ़िरोज़पुर और लुधियाना स्थित छह मैरीटोरियस स्कूलों में से की गई है।
यह पहलकदमी एच. सी. एल. के टेक बी प्रोग्राम का हिस्सा है, जो 12वीं कक्षा के उन विद्यार्थियों के लिए तैयार की गयी है, जो गणित/ बिज़नस मैथेमैटिक्स की पढ़ाई पूरी करने के बाद सूचना प्रौद्यौगिकी ( आई. टी.) के क्षेत्र में अपना कॅरियर बनाना चाहते हैं।
इस प्रोग्राम के लिए चुने जाने पर विद्यार्थियों को बधाई देते हुये श्री अमन अरोड़ा ने उनको ज़िंदगी में अपने लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए एकाग्रचित्त होकर और मेहनत करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि अब आपकी बारी है कि आप अपनी योग्यता को साबित करते हुये जीवन में वित्तीय तौर पर समर्थ और सफल होकर अपने अभिभावकों को गौरवान्वित करें।
कैबिनेट मंत्री ने एच. सी. एल टीम को इस रोज़गार गारंटी प्रोग्राम का दायरा अन्य सरकारी स्कूलों तक बढ़ाने के लिए भी कहा क्योंकि मुख्यमंत्री स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार राज्य के नौजवानों को कुशल बनाने के लिए पूरी तरह यत्नशील है जिससे उनको नौकरियाँ लेने में किसी किस्म की परेशानी का सामना न करना पड़े।

रोज़गार उत्पत्ति, कौशल विकास और प्रशिक्षण विभाग के डायरैक्टर-कम-मिशन डायरैक्टर पी. एस. डी. एम. श्रीमती दीप्ति उप्पल ने बताया कि इस प्रोग्राम को दो पड़ावों में बांटा गया है। पहले पड़ाव में छह-महीनों की क्लासरूम ट्रेनिंग (सी. आर. टी.) दी जाती है, जिसके उपरांत 6 महीनों की इंटरनशिप होती है। प्रोग्राम को सफलतापूर्वक पूरा करने के बाद विद्यार्थियों को एच. सी. एल की तरफ से भर्ती किया जायेगा और उनको एच. सी. एल. से वित्तीय सहयोग के साथ बी. आई. टी. एस. पिलानी, एमिटी यूनिवर्सिटी, आई. आई. एम. नागपुर और सासतरा ( एस. ए. एस. टी. आर. ए.) यूनिवर्सिटी जैसी प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटियों में उच्च शिक्षा हासिल करने का भी मौका मिलेगा।

ज़िक्रयोग्य है कि इस रोज़गार गारंटी प्रोग्राम के लिए पंजाब कौशल विकास मिशन ( पी. एस. डी. एम.) की तरफ से 2 मार्च, 2023 को एच. सी. एल. ट्रेनिंग स्टाफिंग सर्विसिज लिमटिड के साथ समझौता किया गया था। इस प्रोग्राम के अधीन चुने जाते पंजाब के मैरीटोरियस स्कूलों के 200 उम्मीदवारों की फ़ीसों की फंडिंग (पहले 100 उम्मीदवारों की पूरी फीस और अगले 100 उम्मीदवारों की 50 प्रतिशत फीस) पी. एस. डी. एम. द्वारा दी जाती है।

एच. सी. एल. ट्रेनिंग स्टाफ़िंग सर्विसिज लिमटिड के प्रतिनिधियों ने इस बात पर ज़ोर दिया कि यह प्रोग्राम पंजाब के नौजवानों के लिए अत्याधुनिक तकनीकों के क्षेत्र में नये मौके खोलेगा। चुने गए विद्यार्थियों को अपनी इंटरनशिप के दौरान एच. सी. एल. में लाइव प्रोजेक्टों पर काम करने, तकनीकी माहिरों से शिक्षा और सीध लेकर अपने कॅरियर को सफलतापूर्वक आगे बढ़ाने का मौका मिलेगा।
इस मौके पर उपस्थित मैरीटोरियस स्कूलों के प्रिंसिपल और चुने गए विद्यार्थियों के अभिभावकों ने यह मौका प्रदान करने के लिए पंजाब सरकार का धन्यवाद किया।

 

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