Punjab: पंजाब विधानसभा में नौ महत्वपूर्ण विधेयक पारित, शिक्षा से लेकर पर्यावरण तक कई क्षेत्रों में होंगे बड़े बदलाव

चंडीगढ़। पंजाब की भगवंत सिंह मान सरकार ने सोमवार को विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान राज्य के विकास और प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। सदन ने शिक्षा, बुनियादी ढांचे, कराधान, रोजगार, ग्रामीण विकास और पर्यावरण संरक्षण जैसे विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े कुल नौ महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित किया। इन विधेयकों के कानून बनने के बाद राज्य में विनियामक ढांचे और शासन व्यवस्था को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।

सदन में पारित किए गए प्रमुख विधेयकों में शिक्षा क्षेत्र पर विशेष ध्यान दिया गया है। शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस द्वारा पेश किए गए ‘पंजाब रेगुलेशन ऑफ फी ऑफ अन-एडेड एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस (संशोधन) विधेयक, 2026’ को सर्वसम्मति से पारित किया गया। इसका उद्देश्य निजी शिक्षण संस्थानों की फीस को विनियमित करना है। इसके अतिरिक्त, राज्य में उच्च शिक्षा और डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए तीन नए विश्वविद्यालय विधेयकों को बहुमत से पारित किया गया। इनमें होशियारपुर में ‘क्लाउड यूनिवर्सिटी’ तथा पटियाला में ‘एमएस डिजिटल यूनिवर्सिटी’ और ‘फिजिक्सवाला डिजिटल यूनिवर्सिटी’ की स्थापना का मार्ग प्रशस्त हुआ है।

विधानसभा में पारित प्रमुख विधेयकों की सूची
• शिक्षा: निजी स्कूलों की फीस नियंत्रण और तीन नई डिजिटल यूनिवर्सिटीज की स्थापना।
• रोजगार: आउटसोर्स कर्मचारियों को सीधे सरकारी अनुबंध पर लेने का ऐतिहासिक बिल।
• बुनियादी ढांचा: साझा बुनियादी ढांचे के नियमन और रखरखाव से जुड़ा संशोधन बिल।
• ग्रामीण विकास: पंचायती राज व्यवस्था को सशक्त बनाने हेतु संशोधन विधेयक।
• पर्यावरण: पेड़ों के संरक्षण और सुरक्षा के लिए कड़ा कानून।
• कराधान: जीएसटी (GST) नियमों में सुधार हेतु संशोधन विधेयक।

रोजगार के क्षेत्र में वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा द्वारा पेश किया गया ‘पंजाब स्टेट आउटसोर्स्ड पर्सनल (ट्रांजिशन टू कॉन्ट्रैक्चुअल एंगेजमेंट) विधेयक, 2026’ एक ऐतिहासिक उपलब्धि माना जा रहा है। सर्वसम्मति से पारित इस बिल के जरिए हजारों आउटसोर्स कर्मचारियों को सीधे सरकार के साथ अनुबंध पर जोड़ा जाएगा, जिससे उनका शोषण समाप्त होगा। इसके साथ ही, वित्त मंत्री द्वारा पेश ‘पंजाब गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (संशोधन) विधेयक, 2026’ को भी बहुमत से स्वीकृति मिली।

ग्रामीण विकास और प्रशासनिक सुधारों की दिशा में पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंद ने ‘पंजाब पंचायती राज (संशोधन) विधेयक, 2026’ पेश किया, जिसे सदन ने बहुमत से पारित कर दिया। पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए सरकार ने वन एवं वन्यजीव संरक्षण मंत्री लाल चंद कटारूचक द्वारा पेश ‘पंजाब प्रोटेक्शन ऑफ ट्रीज विधेयक, 2026’ को भी पारित कराया, जो राज्य के हरित आवरण की सुरक्षा सुनिश्चित करेगा।

कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा द्वारा पेश ‘पंजाब कॉमन इंफ्रास्ट्रक्चर (रेगुलेशन एंड मेंटेनेंस) संशोधन विधेयक, 2026’ को भी बहुमत से पारित किया गया। इन सभी नौ विधेयकों का पारित होना पंजाब सरकार के उस विजन को दर्शाता है, जिसमें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, पारदर्शी शासन, कर्मचारियों के हितों की रक्षा और पर्यावरण की सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है। सरकार का मानना है कि इन विधायी सुधारों से राज्य के नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और प्रशासनिक तंत्र और अधिक जन-केंद्रित बनेगा।

 

Pls read:Punjab: पंजाब विधानसभा में महिला सशक्तिकरण प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित, 65 लाख महिलाओं को मिल रहा सीधा लाभ

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *