नई दिल्ली। टी20 विश्व कप 2026 के आगाज़ से पहले भारतीय क्रिकेट टीम के लिए एक चिंताजनक खबर सामने आई है। टीम के उभरते सितारे और मध्यक्रम के महत्वपूर्ण बल्लेबाज तिलक वर्मा को अचानक स्वास्थ्य संबंधी समस्या के चलते सर्जरी करानी पड़ी है। टी20 एशिया कप के फाइनल में शानदार प्रदर्शन कर जीत के नायक रहे तिलक वर्मा को बुधवार सुबह अचानक तेज दर्द की शिकायत हुई, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। जांच के बाद डॉक्टरों ने उन्हें ‘टेस्टिकुलर टॉर्शन’ की समस्या बताई और तुरंत सर्जरी की सलाह दी। फिलहाल तिलक की सर्जरी सफल रही है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
इस अचानक आई स्वास्थ्य समस्या ने तिलक वर्मा के आगामी दौरों और टूर्नामेंटों में भागीदारी पर सवालिया निशान लगा दिया है। तिलक वर्मा इन दिनों विजय हजारे ट्रॉफी में अपनी घरेलू टीम हैदराबाद का प्रतिनिधित्व करने के लिए राजकोट में थे। जानकारी के अनुसार, 7 जनवरी की सुबह नाश्ता करने के बाद उन्हें अचानक पेट के निचले हिस्से में असहनीय दर्द महसूस हुआ। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उन्हें तुरंत राजकोट के स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां उनके कई मेडिकल स्कैन किए गए। इन रिपोर्ट्स को तुरंत बेंगलुरु स्थित बीसीसीआई के ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ (सीओई) के विशेषज्ञ डॉक्टरों को भेजा गया, जिन्होंने स्थिति को भांपते हुए तत्काल ऑपरेशन का निर्णय लिया।
बीसीसीआई के आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, तिलक वर्मा को यह दर्द बहुत ही तीव्र था और सर्जरी के बिना इसका समाधान संभव नहीं था। सफल ऑपरेशन के बाद अब उन्हें पूरी तरह से फिट होने और मैदान पर वापसी करने में कम से कम तीन से चार हफ्तों का समय लग सकता है। इस रिकवरी पीरियड के कारण उनका न्यूजीलैंड के खिलाफ आगामी टी20 सीरीज से बाहर होना लगभग तय माना जा रहा है। भारत और न्यूजीलैंड के बीच 5 मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज 21 जनवरी से शुरू होने वाली है, जिसके लिए टीम का हिस्सा बनना अब तिलक के लिए मुमकिन नहीं लग रहा है। इसकी आधिकारिक घोषणा जल्द ही बोर्ड द्वारा की जा सकती है।
तिलक वर्मा की अनुपस्थिति केवल न्यूजीलैंड सीरीज तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इसने टी20 वर्ल्ड कप 2026 की तैयारियों को भी प्रभावित किया है। वर्ल्ड कप के शुरुआती मुकाबलों में उनकी उपलब्धता पर संशय बरकरार है। भारतीय टीम को अपना पहला ग्रुप मुकाबला 7 फरवरी को मुंबई में अमेरिका के खिलाफ खेलना है। इसके बाद 12 फरवरी को दिल्ली में नामीबिया से मुकाबला होना है। सबसे महत्वपूर्ण और हाई-वोल्टेज मैच 15 फरवरी को पाकिस्तान के खिलाफ कोलंबो में खेला जाएगा, जबकि 18 फरवरी को टीम नीदरलैंड्स से भिड़ेगी। यदि तिलक वर्मा समय पर रिकवर नहीं होते हैं, तो वे इन शुरुआती मैचों से बाहर रह सकते हैं, जो टीम इंडिया के लिए मिडिल ऑर्डर में एक बड़ी कमी साबित होगा।
भारतीय टीम प्रबंधन अब तिलक वर्मा के विकल्प की तलाश में जुट गया है। तिलक जिस आक्रामक अंदाज में मध्यक्रम में बल्लेबाजी करते हैं, उसकी भरपाई करना आसान नहीं होगा। सूत्रों की मानें तो रिप्लेसमेंट की दौड़ में शुभमन गिल का नाम सबसे आगे नहीं है, क्योंकि टीम प्रबंधन एक ऐसे विशेषज्ञ खिलाड़ी की तलाश में है जो मध्यक्रम में आकर तुरंत लय पकड़ सके और बड़े शॉट लगाने की क्षमता रखता हो। तिलक वर्मा की चोट ने चयनकर्ताओं के सामने एक नई चुनौती पेश कर दी है, क्योंकि वे विश्व कप जैसे बड़े टूर्नामेंट से पहले अपनी सबसे मजबूत टीम को मैदान पर उतारना चाहते हैं। फिलहाल, सभी की निगाहें तिलक वर्मा की रिकवरी पर टिकी हैं।