नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने अपनी आक्रामक टैरिफ नीति की जमकर तारीफ करते हुए दावा किया है कि इससे अमेरिका की तिजोरी भर रही है। ट्रंप ने कहा कि उनके प्रशासन द्वारा अलग अलग देशों पर लगाए गए टैरिफ से अब तक सैकड़ों अरब डॉलर की कमाई हो चुकी है और जल्द ही यह आंकड़ा 600 अरब डॉलर के पार पहुंच जाएगा। उन्होंने इस नीति को अमेरिका की आर्थिक ताकत और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए वरदान बताया है। ट्रंप का मानना है कि इस कदम से अमेरिका पहले से कहीं ज्यादा मजबूत और सम्मानित बनकर उभरा है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट में ट्रंप ने अपनी पीठ थपथपाते हुए लिखा कि टैरिफ से अमेरिका को आर्थिक और सुरक्षा के लिहाज से मजबूती मिली है। उन्होंने मीडिया पर निशाना साधते हुए कहा कि फेक न्यूज वाले इस सफलता पर चुप हैं क्योंकि वे अमेरिका से नफरत करते हैं और उसे कमजोर देखना चाहते हैं। ट्रंप ने अपनी पोस्ट में ईश्वर से अमेरिका को आशीर्वाद देने की प्रार्थना भी की।
हालांकि उनकी इस नीति पर विवाद भी कम नहीं हैं। टैरिफ लगाने के राष्ट्रपति के अधिकारों को अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी गई है। ट्रंप ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा बताया है और कहा है कि अगर फैसला उनके खिलाफ जाता है तो यह देश के लिए बड़ा झटका होगा। कोर्ट का फैसला 2026 में आने की उम्मीद है। ट्रंप का आरोप है कि मीडिया इस मुद्दे को दबा रहा है ताकि कोर्ट के फैसले को प्रभावित किया जा सके।
ट्रंप की इस टैरिफ नीति का असर भारत पर भी साफ दिख रहा है। भारतीय निर्यात पर फिलहाल 50 फीसदी टैरिफ लगा हुआ है जिसमें से आधा हिस्सा भारत द्वारा रूस से कच्चे तेल की खरीद से जुड़ा है। हाल ही में एयर फोर्स वन पर पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जिक्र किया। उन्होंने मोदी को अच्छा इंसान बताया लेकिन साथ ही कहा कि मोदी जानते थे कि ट्रंप उनकी रूसी तेल खरीद से खुश नहीं हैं। ट्रंप ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि अमेरिका भारतीय सामान पर टैरिफ बहुत जल्दी बढ़ा सकता है जो भारत के लिए नुकसानदायक होगा।
ट्रंप का तर्क है कि टैरिफ न केवल पैसा कमाते हैं बल्कि अमेरिका को विदेशी निर्भरता से भी बचाते हैं। उनका कहना है कि इस नीति से फैक्टरियां अमेरिका वापस आ रही हैं और नौकरियां बढ़ रही हैं। हालांकि आलोचकों का मानना है कि इससे महंगाई बढ़ रही है और आम अमेरिकी की जेब पर बोझ पड़ रहा है।