हरिद्वार, 12 अक्टूबर। हरिद्वार में आयोजित होने वाले कुंभ मेला-2027 की पहचान को व्यापक स्तर पर पहुंचाने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को कुंभ के आधिकारिक लोगो, वेबसाइट और गीत का लोकार्पण किया। मेला नियंत्रण भवन (सीसीआर) सभागार में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ भारत की प्राचीन आध्यात्मिक परंपरा, सनातन संस्कृति और जनआस्था का विराट उत्सव है। राज्य सरकार कुंभ के दिव्य और भव्य आयोजन के लिए प्रतिबद्ध है। श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुचारु व्यवस्थाओं को प्राथमिकता दी जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आधिकारिक लोगो, वेबसाइट और गीत के माध्यम से कुंभ की धार्मिक एवं सांस्कृतिक महत्ता को देश-दुनिया तक पहुंचाने में मदद मिलेगी। वेबसाइट श्रद्धालुओं को आयोजन से जुड़ी प्रमाणिक जानकारी उपलब्ध कराने का माध्यम बनेगी, जबकि गीत कुंभ के आगमन का संदेश जन-जन तक पहुंचाएगा।
गंगा और सनातन परंपरा के प्रतीकों से सजा लोगो
हरिद्वार कुंभ-2027 के आधिकारिक लोगो में शहर की धार्मिक विरासत और आध्यात्मिक पहचान को प्रमुखता दी गई है। इसमें मां गंगा, हर की पैड़ी क्षेत्र, धनुष पुल और सूर्योदय की छटा को दर्शाया गया है। इसके साथ ही शिव प्रतिमा, साधु-संतों, त्रिशूल, डमरू तथा मां मनसा देवी और मां चंडी देवी की पहाड़ियों को भी शामिल किया गया है।
लोगो के जरिए हरिद्वार की धार्मिक महत्ता और कुंभ की सांस्कृतिक विरासत को एक साथ प्रस्तुत किया गया है। इसका इस्तेमाल आयोजन से जुड़ी प्रचार सामग्री, प्रकाशनों और डिजिटल मंचों पर किया जा सकेगा। इससे कुंभ की दृश्य पहचान को एकरूपता देने और प्रचार-प्रसार को व्यवस्थित करने में सहायता मिलेगी।
मेला प्रशासन ने लोगो डिजाइन करने के लिए राज्य के युवाओं और विद्यार्थियों से प्रविष्टियां आमंत्रित की थीं। प्राप्त सैकड़ों डिजाइनों में से चयन समिति ने 13 श्रेष्ठ और मौलिक प्रविष्टियों पर विचार किया। इसके बाद हरिद्वार के जगजीतपुर क्षेत्र के विकास नगर निवासी मधु शर्मा के डिजाइन को चुना गया। इसी डिजाइन के आधार पर कुंभ का आधिकारिक लोगो तैयार किया गया।
वेबसाइट पर मिलेंगी कुंभ से जुड़ी जानकारियां
कुंभ मेला-2027 की आधिकारिक वेबसाइट https://haridwarkumbh.uk.gov.in शुरू की गई है। इसके माध्यम से श्रद्धालु, आगंतुक और आमजन आयोजन से संबंधित प्रामाणिक सूचनाएं प्राप्त कर सकेंगे। डिजिटल मंच के जरिए देश के अलग-अलग हिस्सों के साथ विदेशों में रहने वाले श्रद्धालुओं तक भी जानकारी पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
वेबसाइट से कुंभ की तैयारियों और आयोजन से जुड़ी सूचनाओं तक लोगों की पहुंच आसान बनाने में मदद मिलेगी। साथ ही हरिद्वार की धार्मिक पहचान को डिजिटल माध्यम से व्यापक स्तर पर प्रस्तुत किया जा सकेगा।
‘कुंभ का पर्व आ गया’ गीत से गूंजेगा आगमन का संदेश
कार्यक्रम में कुंभ के आधिकारिक गीत का भी लोकार्पण किया गया। ‘साधु और संतों के मन में हर्ष छा गया, कुंभ का पर्व आ गया’ पंक्तियों से शुरू होने वाला यह गीत कुंभ के आगमन की खुशी, साधु-संतों के उत्साह और श्रद्धालुओं की आस्था को अभिव्यक्त करता है।
हरिद्वार निवासी गायक राघव राजा ने इस गीत की रचना, गायन और संगीत तैयार किया है। गीत के माध्यम से कुंभ के प्रति लोगों का सांस्कृतिक जुड़ाव मजबूत करने और आयोजन का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
परंपरा और आधुनिक संचार का संगम
हरिद्वार कुंभ-2027 उत्तराखंड की आध्यात्मिक विरासत, धार्मिक पर्यटन और सांस्कृतिक पहचान को व्यापक स्तर पर प्रस्तुत करने का अवसर है। आधिकारिक लोगो आयोजन को विशिष्ट दृश्य पहचान देगा, वेबसाइट सूचनाओं के प्रसार में मदद करेगी और गीत कुंभ से जुड़ी आस्था तथा उल्लास को स्वर देगा। इन तीनों माध्यमों के समन्वित उपयोग से कुंभ की परंपराओं और धार्मिक महत्ता को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहुंचाने की दिशा में प्रयास किए जाएंगे।
लोकार्पण समारोह में कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, धन सिंह रावत, सुबोध उनियाल, सौरभ बहुगुणा, खजान दास, भरत सिंह चौधरी, मदन कौशिक, प्रदीप बत्रा और राम सिंह कैड़ा सहित मेला अधिकारी सोनिका, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, एसएसपी नवनीत भुल्लर, महानिदेशक सूचना वंशीधर तिवारी और मेला एवं जिला प्रशासन के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद