देहरादून। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ राजनेता भुवन चंद्र खंडूड़ी के निधन के बाद देहरादून में शोक की लहर है। बुधवार को उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने देहरादून के वसंत विहार स्थित उनके निवास पहुंचकर दिवंगत आत्मा को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दुखद अवसर पर उपराष्ट्रपति के साथ उत्तराखंड के राज्यपाल गुरमीत सिंह और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी मौजूद रहे। इन सभी वरिष्ठ नेताओं ने भुवन चंद्र खंडूड़ी के पार्थिव शरीर पर पुष्प चक्र अर्पित किए और उनकी महान सेवाओं को याद करते हुए उन्हें अंतिम विदाई दी।
वसंत विहार स्थित आवास पर सुबह से ही गणमान्य व्यक्तियों और आम जनता का तांता लगा रहा, जो अपने प्रिय नेता के अंतिम दर्शन करना चाहते थे। उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने जैसे ही पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित किए, वहां का माहौल अत्यंत भावुक हो गया। उन्होंने भुवन चंद्र खंडूड़ी के व्यक्तित्व और कृतित्व को याद करते हुए कहा कि उनका जीवन राष्ट्र के प्रति समर्पण का एक उत्कृष्ट उदाहरण रहा है। उन्होंने न केवल एक कुशल सैन्य अधिकारी के रूप में देश की सीमाओं की रक्षा की, बल्कि राजनीति के क्षेत्र में भी शुचिता और ईमानदारी के नए मानक स्थापित किए।
श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने शोक संतप्त परिवार के सदस्यों से व्यक्तिगत रूप से मुलाकात की। उन्होंने परिजनों का ढांढस बंधाया और इस कठिन समय में उन्हें सांत्वना दी। उपराष्ट्रपति ने परिजनों के साथ अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि भुवन चंद्र खंडूड़ी का जाना केवल उत्तराखंड के लिए ही नहीं, बल्कि समूचे राष्ट्र के लिए एक बहुत बड़ी क्षति है। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना की कि वे पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और परिवार को इस अपार दुख को सहने की शक्ति प्रदान करें।